Fine on shops: होटलों, रेस्टोरेंट्स, मिष्ठान दुकान, किराना दुकान व डेयरी दुकानों से सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे गए थे रायपुर स्थित प्रयोगशाला, रिपोर्ट आने के बाद हुई कार्रवाई
अंबिकापुर.खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने अंबिकापुर समेत सरगुजा जिले में संचालित कई होटलों, रेस्टोरेंट्स, किराना स्टोर्स, डेली नीड्स, मिष्ठान दुकानों से खाद्य पदार्थों के सैंपल (Fine on shops) लिए गए थे। सैंपल की जांच रायपुर लैब में की गई। इनमें से 19 प्रतिष्ठानों के सैंपल अमानक पाए गए। इस पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के तहत इन प्रतिष्ठानों से 3 लाख 10 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया गया है।
खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग के सुरक्षा अधिकारियों ने इन प्रतिष्ठानों से खाद्य नमूने लेकर राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला, कालीबाड़ी रायपुर भेजे थे। जांच रिपोर्ट में नमूने अवमानक एवं मिथ्याछाप पाए गए। प्रकरणों को विवेचना उपरांत न्याय निर्णयन अधिकारी/अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी, अंबिकापुर के समक्ष प्रस्तुत किया गया। सुनवाई उपरांत 19 फर्मों को जुर्माने (Fine on shops) से दंडित किया गया।
जिन प्रतिष्ठानों पर जुर्माना लगाया गया, उनमें शिवम डेली नीड्स, न्यू बस स्टैण्ड, अंबिकापुर पर 5 हजार, नवीन किराना स्टोर एमजी रोड पर 10 हजार, मोनिका केरकेट्टा ग्राम सिलसिला पर 5 हजार, आनन्द किराना स्टोर महामाया रोड पर 10 हजार का अर्थदंड (Fine on shops) लगाया गया।
इसी प्रकार शीतल रेस्टोरेंट लखनपुर पर 10 हजार, एसबी बाजार बनारस रोड पर 35 हजार, रामेश्वर यादव ग्राम बैढी पर 5 हजार, होटल नीलकमल पुराना बस स्टैण्ड पर 10 हजार, जायसवाल होटल रघुनाथपुर पर 10 हजार, मां जायसवाल होटल रघुनाथपुर पर 10 हजार, मां महामाया डेयरी, केदारपुर पर 5 हजार,
महामती स्वीट्स पुराना बस स्टैण्ड अंबिकापुर पर 10 हजार, (Fine on shops) दिनेश किराना स्टोर लुण्ड्रा पर 10 हजार, जय महामाया स्वीट्स गुदरी रोड अंबिकापुर पर 10 हजार, समीत होटल ग्राम सोहगा दरिमा पर 10 हजार, महामाया फूड एण्ड ग्रेन्स भि_ीकला पर 25 हजार, आयुषी स्वीट्स गांधीनगर पर 25 हजार जुर्माना लगाया गया।
उपरोक्त प्रतिष्ठानों के अलावा शहर के अन्य नामी प्रतिष्ठानों पर भी कार्रवाई (Fine on shops) की गई है। बता दें कि कई प्रतिष्ठान घटिया सामग्री बेचकर लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करते आ रहे हैं। इस संबंध में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने बताया कि गुणवत्ता से समझौता करने वाले प्रतिष्ठानों पर आगे भी कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।