Human trafficking: एक युवती आरोपियों के चंगुल से बच निकली थी, जबकि दूसरी की जबरन करा दी गई थी शादी, पुलिस ने शादी करने वाले युवक व उसके सगे भाई को एक दिन पहले ही उज्जैन से किया था गिरफ्तार
अंबिकापुर। शहर के मणिपुर थाना क्षेत्र की एक युवती को अच्छा काम दिलाने का लालच देकर उसकी सहेली ने उज्जैन में 2 लाख रुपए में बेच (Human trafficking) दिया था। फिर उसकी एक युवक से जबरन शादी करा दी गई थी। इस मामले में पुलिस टीम ने उज्जैन जाकर युवती को बरामद कर 2 भाइयों को गिरफ्तार किया था। वहीं मामले में पीडि़ता की सहेली व एक अन्य सहयोगी फरार थे, अब इन्हें भी पुलिस ने गिरफ्तार किया है। अब खुलासा हुआ है कि आरोपी युवती ने लखनपुर क्षेत्र की एक और सहेली को काम दिलाने के बहाने बेच दिया था।
गौरतलब है कि मणिपुर थाना क्षेत्र के मठपारा निवासी 23 वर्षीय एक युवती के घर उसकी सहेली अलका उरांव पहुंची थी। उसने उसकी बड़ी बहन से कहा कि वह उसे शादी पार्टी में काम कराने पत्थलगांव ले जा रही है। लेकिन वह उसे अंबिकापुर के गोरसीडबरा ले आई। फिर रात में ट्रेन से उसे उज्जैन (Human trafficking) ले जाकर सहेली ने अशोक परमार नामक युवक के हाथों 2 लाख रुपए में बेच दिया।
वहीं अशोक ने उज्जैन के घटिया थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम बड़ोदिया निवासी मुकेश सिंह के साथ मिलकर युवती की भंवर सिंह नामक युवक से जबरन शादी (Human trafficking) करा दी। भंवर सिंह मुकेश का छोटा भाई है। इसके बाद सहेली अलका और अशोक लौट आए थे। वहीं आरोपी भंवर सिंह शादी करने के बाद पीडि़ता को उज्जैन से 15 किमी दूर अपने गांव बड़ोदिया में ऑटो में बैठाकर ले गया था।
आरोपी भंवर सिंह ने पीडि़ता को घर में बंधक बनाकर रखा था। युवती जब वहां से भागने की बात कहती थी तो उसे वह जान से मारने की धमकी देता था। इसी बीच पीडि़ता (Human trafficking) ने शोर मचाया तो लोग वहां पहुंचे और उज्जैन पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने उसे सखी सेंटर में रखवाया था।
सूचना पर पहुंची मणिपुर पुलिस पीडि़ता को आरोपी (Human trafficking) के कब्जे से बरामद कर अंबिकापुर ले आई। पुलिस ने मामले में आरोपी भंवर सिंह पिता उमराव सिंह 25 वर्ष व उसके सगे भाई मुकेश सिंह 32 वर्ष को उज्जैन स्थित उसके घर से गिरफ्तार किया था।
अब इस मामले में पुलिस ने युवती को बेचने वाली अलका उरांव को अंबिकापुर तथा खरीदार अशोक परमार को उज्जैन से गिरफ्तार कर लिया है। दोनों को पुलिस ने शुक्रवार को जेल भेज दिया।
इस मामले में खुलासा हुआ है कि आरोपी अलका उरांव ने मणिपुर क्षेत्र की सहेली के साथ लखनपुर क्षेत्र की एक और युवती को अशोक परमार के पास 2 लाख रुपए में बेचा (Human trafficking) था। फिर दोनों को उज्जैन ले जाया गया था, इसमें मणिपुर क्षेत्र की युवती की तो शादी करा दी गई थी।
लेकिन लखनपुर क्षेत्र की युवती को उज्जैन के घटिया थाना क्षेत्र की पुलिस ने पड़ोसियों की सूचना पर बरामद कर लिया था, उसकी शादी नहीं हो पाई थी। इस युवती को भी सरगुजा पुलिस ने सुरक्षित बरामद कर लिया है। इस मामले में लखनपुर थाने में अलग से अपराध दर्ज किया गया है।