एशिया

मालदीव में सियासी संकट पर बोले पूर्व राष्ट्रपति नशीद, भारत-चीन एक दूसरे के खिलाफ हमें मंजूर नहीं

राष्ट्रपति मोहम्मद नशीद ने कहा कि हमारी वजह से भारत और चीन एक दूसरे के खिलाफ हो जाएं यह हमें मंजूर नहीं है' ।

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नई दिल्ली: मालदीव में चल रहे राजनीतिक संकट के बीच पूर्व राष्ट्रपति मोहम्मद नशीद ने बड़ा बयान दिया है। पूर्व राष्ट्रपति मोहम्मद नशीद ने कहा, मालदीव संकट और आपातकाल का सामना कर रहा है। ऐसे में वो नहीं चाहते कि उनके देश की वजस से भारत और चीन में किसी तरह का तनाव बढ़े और कोई दिक्कत पैदा हो। राष्ट्रपति मोहम्मद नशीद ने कहा कि हमारी वजह से भारत और चीन एक दूसरे के खिलाफ हो जाएं यह हमें मंजूर नहीं है' । बैंगलूरू में एक अंग्रेजी अखबार के कार्यक्रम में राष्ट्रपति नशीद ने ये बात कही।

भारत से मदद की अपील की थी

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इससे पहले पिछले दिनों मालदीव के पूर्व राष्ट्रपति नशीद ने भारत से मालदीव में उपजे राजनीतिक संकट को खत्म करने के लिए मदद की अपील की थी। गौरतलब है कि भारत ने शुक्रवार को कहा कि मालदीव में राजनीतिक संकट पैदा होने के बीच लगाए गए आपातकाल के हटने और इसके बाद वहां की सरकार की ओर से उठाए जाने वाले अगले कदमों का उसे इंतजार है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने यहां कहा कि आपको मालूम है कि हमने मालदीव सरकार को आपातकाल वापस लेने और न्यापालिका को बिना किसी धमकी के काम करने की स्वतंत्रता देने समेत लोकतांत्रिक प्रक्रिया बहाल करने को कहा है। सरकार की कार्रवाई पर नजर उन्होंने कहा कि हमने संज्ञान लिया है कि मालदीव में घोषित आपातकाल अगले कुछ दिनों तक वैध है और हम इसके बाद सरकार की ओर से उठाए जाने वाले कदमों को देखेंगे।

15 दिनों का आपातकाल घोषित

मालदीव में सर्वोच्च न्यायालय द्वारा नौ सांसदों और पूर्व राष्ट्रपति मोहम्मद नशीद के कारावास को अवैध करार देते हुए फैसला सुनाए जाने पर वहां के वर्तमान राष्ट्रपति अब्दुल्ला यामीन ने 15 दिनों का आपातकाल घोषित कर दिया और प्रधान न्यायाधीश व एक अन्य न्यायाधीश को गिरफ्तार कर लिया जिससे वहां संकट की स्थिति उत्पन्न हो गई है।

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Published on:
17 Feb 2018 09:23 pm
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