
Anniversary of Babri Demolition: बाबरी विध्वंश के मौके पर पूरे प्रदेश में पुलिस-प्रशासन हाई अलर्ट पर है। 6 दिसंबर को बाबरी मस्जिद के विध्वंश और जुम्मे की नमाज को लेकर प्रशासन सतर्क है। मथुरा के शाही ईदगाह मस्जिद में 1500 लोग नमाज अदा करने पहुंचे हैं। सभी की जांच और आधार कार्ड को देखने के बाद इंट्री दी जा रही है।
एसपी मथुरा सिटी अरविंद कुमार ने बताया कि हमने इलाके को 4 जोन में बांटा है। संवेदनशील जगहों पर बैरिकेडिंग की गई है। ट्रैफिक डायवर्ट कर दिया गया है। जो लोग नियमों का पालन नहीं करेंगे उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
बाबरी मस्जिद विध्वंस वाले दिन से पहले बरेली पुलिस ने फ्लैग मार्च किया। बरेली में ड्रोन कैमरे में आला हजरत मस्जिद के पास छतों पर पत्थर नजर आए। इसके बाद पुलिस ने पत्थर को हटवाया।
अमेठी के संग्रामपुर थाने के दरोगा राकेश पांडेय की फ्लैग मार्च के दौरान मौत हो गई। सुबह करीब 11:30 बजे दरोगा राकेश पांडेय टीम के साथ पैदल गश्त कर रहे थे। इसी दौरान उन्हें अचानक चक्कर आया और वे गश खाकर गिर पड़े। साथी पुलिस कर्मियों ने उन्हें स्थानीय सीएचसी में भर्ती कराया। पोस्टमार्टम के बाद उनके परिजनों को सूचना दी गई।
बाबरी विध्वंस की शुक्रवार को 32वीं बरसी है। 6 दिसंबर, 1992 को आज ही के दिन कारसेवकों ने विवादित ढांचा ढहा दिया था। 9 नवंबर 2019 को सुप्रीम कोर्ट की पांच जजों वाली बेंच ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया और विवादित जमीन हिंदू पक्ष को मिली।