
Ram Mandir Donation Controversy: अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे और चंदे को लेकर एक नया विवाद खड़ा हो गया है। शिवसेना के नेता संजय राउत ने कहा है कि उनकी पार्टी ने राम मंदिर बनने के लिए 1 करोड़ रुपए का दान दिया था। इसलिए मंदिर ट्रस्ट की यह जिम्मेदारी बनती है कि वो चंदे में गड़बड़ी के इन आरोपों पर सामने आकर खुलकर जवाब दे। इस पूरे मामले को लेकर उद्धव ठाकरे जल्द ही अयोध्या जा सकते हैं।
संजय राउत ने मुंबई में मीडिया से बात करते हुए कहा कि इस विवाद से उद्धव ठाकरे काफी परेशान हैं। हमारी इस बारे में बात हुई है और ऐसा लग रहा है मानो भगवान राम हमें खुद बुला रहे हैं। हम बहुत जल्द पूरी टीम के साथ अयोध्या जाएंगे और वहां इस मुद्दे को उठाएंगे। राउत ने हैरानी जताते हुए पूछा कि देश के इतने बड़े और पवित्र मंदिर के चढ़ावे पर हाथ मारने की हिम्मत किसकी हो सकती है? आखिर ये किस तरह के लोग हैं जो ऐसा काम कर सकते हैं?
संजय राउत ने सवाल किया कि इस पूरे मामले पर मंदिर ट्रस्ट चुप क्यों बैठा है और मंदिर के सीसीटीवी फुटेज को लेकर सवाल क्यों खड़े हो रहे हैं? दरअसल, यह पूरा मामला तब गरमाया जब समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने हाल ही में एक मांग उठाई। अखिलेश यादव ने आरोप लगाया था कि राम मंदिर में भक्तों द्वारा चढ़ाए गए करोड़ों रुपए गायब हैं और इस मामले की कोर्ट की निगरानी में जांच होनी चाहिए। हालांकि, श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है।
संजय राउत ने इस मामले में पूर्व बीजेपी सांसद बृजभूषण शरण सिंह के एक हालिया बयान का भी जिक्र किया। राउत ने कहा बृजभूषण सिंह कह रहे हैं कि उन्हें पता है कि अंदर क्या खेल हुआ है, लेकिन बड़े और ताकतवर लोगों के शामिल होने की वजह से वो बोल नहीं सकते। अगर उनके जैसा आदमी यह बात कह रहा है, तो साफ है कि मामला वाकई बहुत गंभीर है।
राउत ने आखिर में तंज कसते हुए कहा कि जो लोग हमेशा मंदिर पर आतंकी खतरे की बात करते हैं, वो अब ये बताएं कि सीसीटीवी कैमरों में जो लोग दिख रहे हैं, वो कौन हैं? भगवान के घर में पैसे की चोरी होना बेहद गंभीर बात है।