
OP Rajbhar: उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक दलों ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी कड़ी में सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) आजमगढ़ में बड़ी रैली करने जा रही है। रविवार को पार्टी की कार्यकर्ता बैठक में पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने 29 नवंबर 2026 को जहानागंज में सामाजिक समरसता महारैली आयोजित करने की जानकारी दी। राजभर के मुताबिक, इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी समेत NDA के कई प्रमुख नेता शामिल होंगे।
इस दौरान राजभर ने कोलकाता के चोरबागान पंडाल में हुई घटना पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, "ये दुखद घटना है। घटना को संज्ञान में लेते हुए सरकार ने पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने का ऐलान किया है। ये सहयोग की बात है… निश्चित ही उन्होंने(मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने) जांच के आदेश दिए हैं। किन कारणों से भगदड़ हुई, ये जांच का विषय है।
TMC सांसद महुआ मोइत्रा के बयान पर उन्होंने कहा, "किन कारणों से ये घटना हुई ये तो जांच होगी, तभी मालूम होगा।"
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर उठ रहे सवालों पर राजभर ने राजनीतिक दलों को ही कटघरे में खड़ा कर दिया। उन्होंने दलों के बूथ प्रतिनिधियों की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि अगर सरकारी बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) से कोई गलती हुई है, तो बूथ प्रतिनिधि उस समय क्या कर रहे थे? उन्होंने मतदाता सूची में नामों की स्थिति की पुष्टि आधिकारिक सूची से करने की बात कही।
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक व्यक्ति के नाम पर मतदाता सूची में 10 नाम दर्ज होने का आरोप लगाया था। इस पर राजभर ने अखिलेश यादव को निशाने पर लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा अध्यक्ष फर्जी सूची लेकर घूम रहे हैं। राजभर ने कहा कि ऐसे मामलों में आरोप लगाने के बजाय आधिकारिक मतदाता सूची के आधार पर जांच होनी चाहिए।
NDA में सीटों के बंटवारे और पंचायत चुनाव की तैयारियों पर भी राजभर ने बात की। उन्होंने बताया कि फिलहाल इस दिशा में काम चल रहा है। दशहरा मेले के बाद होने वाली बैठक में चुनावी रणनीति पर चर्चा की जाएगी।राजभर ने साफ किया कि सीटों के बंटवारे पर अंतिम फैसला चुनाव की अधिसूचना जारी होने के बाद ही होगा।
ओमप्रकाश राजभर आजमगढ़ में पहले भी सामाजिक समीकरणों को ध्यान में रखकर कार्यक्रम कर चुके हैं। पिछले साल उन्होंने अतरौलिया विधानसभा क्षेत्र के अहिरौला में ब्राह्मण सम्मेलन आयोजित किया था। अब सामाजिक समरसता महारैली के जरिए पार्टी एक बार फिर बड़े स्तर पर लोगों को जुटाने की तैयारी कर रही है।29 नवंबर को होने वाली इस रैली को 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले सुभासपा और NDA के शक्ति प्रदर्शन के रूप में देखा जा रहा है। इसमें शामिल होने वाले नेताओं और जुटने वाली भीड़ पर राजनीतिक हलकों की नजर रहेगी।