बागपत

फर्जी तरीके से नियुक्ति पाकर सरकारी खजाने को चूना लगाने वाली 6 नर्सों के खिलाफ मुकदमा

पहले भी पकड़ी जा चुकी हैं फर्जी नर्सें अब तक कुल 14 फर्जी नर्स पकड़ में आ चुकी हैं लखनऊ से भी पूरे मामले की चल रही है जांच

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Dec 14, 2019
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बागपत. फर्जी दस्तावेजों के जरिए स्वास्थ्य विभाग में संविदा स्टाफ (नर्स) की नियुक्ति पाने का एक और मामला सामने आया है। इस बार छह और नर्सों की फर्जी नियुक्तियां पाई गई है। सीएमओ के निर्देश पर एसीएमओ ने मुकदमा दर्ज करने की कारवाई शुरू कर दी है। गौरतलब है कि इससे पहले भी 2 सप्ताह पूर्व 8 स्टाफ नर्सों की फर्जी नियुक्ति पर नौकरी करते पाए जाने पर उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था।

एनएचएम मातृ स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत बागपत जनपद में मुख्य चिकित्सा अधिकारी बागपत के कार्यालय में मार्च, मई, जून, सितंबर और अक्टूबर माह में संवीदा स्टाफ (नर्सों) की भर्तियां निकली थी। इसी के आधार पर एनएचएम ने स्टाफ संविधा नर्सों की नियुक्तियां की, जिस समय ये सभी नियुक्तियां की गई। उस वक्त बागपत में सीएमओ डॉक्टर सुषमा चंद्रा तैनात थी। इन सभी नियुक्तियों में 8 संविदा नर्स पहले ही पकड़ी जा चुकी हैं, जो फर्जी तरीके से नियुक्ति पाकर नौकरी कर रही थीं। इसके साथ ही अब 6 और नर्सों के पकड़े जाने पर विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। अभी तक 14 फर्जी संविदा स्टाफ नर्स पकड़ में आ चुकी हैं। इसके चलते संविदा के अन्य पदों पर भी फर्जी स्टाफ भर्ती किये जाने की आशंका को बढ़ावा मिल गया है।

आशंका जताई जा रही है कि संविदा स्टाफ में अन्य पदों पर भी फर्जी भर्ती कर सरकारी धन को ठिकाने लगाने का काम किया जा रहा है। इसको लेकर विभागीय अफसर पूरी तरह चैकन्ना हो गए हैं। वहीं, फर्जी स्टाफ नर्स पकड़े जाने के बाद शुरू हुई कार्रवाई की तलवार अब कईयों के सिर पर लटक गई है। विभागीय स्तर के साथ अब लखनऊ स्तर से भी पूरे मामले की जांच चल रही है।

Published on:
14 Dec 2019 12:43 pm