बागपत

‘सुंदर बहू चाहिए…’ शादी का देते झांसा फिर इमोशनली ब्लैकमेल कर करते करोड़ों की ठगी

Bride Scam in UP : ‘सुंदर वधू की आवश्यकता’ जैसे आकर्षक विज्ञापनों के जरिए लोगों को सपना दिखाकर करोड़ों की ठगी की जा रही थी। बागपत पुलिस ने इस गिरोह का पर्दाफाश किया है।

2 min read
Jan 18, 2026
बागपत पुलिस ने ठगी करने वाले गिरोह का किया पर्दाफाश, PC- Police

बागपत : उत्तर प्रदेश के बागपत जिले में साइबर ठगी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां ‘सुंदर वधू की आवश्यकता’ जैसे आकर्षक विज्ञापनों के जरिए लोगों को शादी का सपना दिखाकर करोड़ों रुपये की ठगी की जा रही थी। पुलिस ने इस संगठित और लंबे समय से सक्रिय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए दो अंतर्राज्यीय शातिर ठगों, नावेद और भूराको गिरफ्तार किया है।

बागपत के अपर पुलिस अधीक्षक (एएसपी) प्रवीण चौहान ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ यह कार्रवाई बड़ौत कस्बे के एक पीड़ित की शिकायत पर की गई। पीड़ित को सुंदर पत्नी दिलाने के नाम पर ऑनलाइन ठगी का शिकार बनाया गया था। शिकायत मिलते ही पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और डिजिटल ट्रेल के आधार पर जांच शुरू की और दोनों आरोपियों तक पहुंचने में सफलता हासिल की।

ये भी पढ़ें

‘प्लेन में बम है’… दिल्ली से पश्चिम बंगाल जा रही फ्लाइट की लखनऊ में इमरजेंसी लैंडिंग, जांच जारी

ऐसे देते थे ठगी को अंजाम

पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपी अखबारों और अन्य माध्यमों में ‘सुशील परिवार के लिए सुंदर वधू की आवश्यकता’ जैसे विज्ञापन प्रकाशित कराते थे। विज्ञापन पर संपर्क करने वाले लोगों से पहले लंबी बातचीत कर उनका भरोसा जीता जाता था। इसके बाद शादी की सहमति बनाकर मिलने की तारीख तय की जाती थी।

तय दिन से ठीक पहले आरोपी किसी दुर्घटना, बीमारी या पारिवारिक आपात स्थिति का बहाना बनाकर पीड़ित से तत्काल 20 से 25 हजार रुपये या उससे अधिक रकम बैंक खाते में ट्रांसफर कराने को कहते थे। यह भरोसा दिलाया जाता था कि शाम तक पैसे वापस भिजवा दिए जाएंगे। विश्वास में आकर जैसे ही पीड़ित रकम भेजता, आरोपियों के मोबाइल फोन बंद हो जाते थे।

दस साल में एक करोड़ से ज्यादा की ठगी

एएसपी प्रवीण चौहान के अनुसार शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने इसी तरीके से बीते करीब दस वर्षों में एक करोड़ रुपये से अधिक की ठगी की है। मुख्य आरोपी नावेद के खिलाफ देश के अलग-अलग जिलों और राज्यों में 16 से अधिक आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं, जबकि कई शिकायतें अभी जांच के स्तर पर लंबित हैं। दोनों आरोपी हरिद्वार में दर्ज मामलों में सजा काटकर बाहर आने के बाद दोबारा ठगी के धंधे में सक्रिय हो गए थे।

भारी मात्रा में फर्जी सामान बरामद

गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 8 मोबाइल फोन, एक टैबलेट, एक लैपटॉप, फर्जी आधार कार्ड, डेबिट कार्ड, पैन कार्ड और दो बैंक खातों से जुड़े अहम दस्तावेज बरामद किए हैं। आरोपी फर्जी पहचान पत्रों और फेक सिम कार्ड के सहारे अलग-अलग शहरों के होटलों में ठहरते थे, ताकि पहचान छिपी रहे और पुलिस तक आसानी से न पहुंचा जा सके।

पुलिस की अपील

एएसपी प्रवीण चौहान ने आम नागरिकों से अपील की है कि शादी, नौकरी या किसी भी तरह के लालच भरे ऑनलाइन विज्ञापनों पर आंख मूंदकर भरोसा न करें। किसी भी भुगतान से पहले पूरी जानकारी और सत्यापन बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि साइबर अपराधी लगातार नए-नए तरीकों से लोगों को ठग रहे हैं, ऐसे में जागरूकता और सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है।

ये भी पढ़ें

माइनस 25 डिग्री टेंपरेचर… बर्फीली हवाएं और उनके बीच 36 घंटे तक फंसे रहे 4 दोस्त

Published on:
18 Jan 2026 04:23 pm
Also Read
View All

अगली खबर