
Balaghat Tiger Death: मध्यप्रदेश के बालाघाट जिले के उत्तर सामान्य वन मंडल के पूर्व बैहर सामान्य वन परिक्षेत्र की खुरमुंडी बीट में शनिवार को 12 वर्षीय नर बाघ मृत मिला है। शुरुआती जांच में बाघ की मौत करंट लगने से होने की आशंका है। घटनास्थल से वन विभाग की टीम को जीआई तार व खूंटियां मिली हैं जिसके कारण करंट से मौत का शक है। वन विभाग ने दो संदिग्धों को भी हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ कर रही है।
शनिवार को जंगल में गश्त के दौरान बीटगार्ड को कक्ष क्रमांक 1582 में बाघ का शव दिखाई दिया। बाघ का शव देखते ही बीटगार्ड ने अपने अधिकारियों को इसकी सूचना दी। जिसके बाद वन विभाग में हड़कंप मच गया और वन विभाग के अधिकारी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। मामले की पड़ताल के लिए बालाघाट से डॉग स्क्वॉड बुलाया गया। तलाशी के दौरान डॉग दो लोगों के घरों तक पहुंचा। इसके बाद वन विभाग ने दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी।
प्रारंभिक जांच में आशंका है कि शिकारियों ने जंगली सूअर को पकड़ने के लिए जंगल में बिजली के तार का जाल बिछाया था। इसी तार की चपेट में आने से बाघ की मौत हुई हो सकती है। हालांकि, अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। घटनास्थल से मिले जीआई तार और खूंटियों को जांच में शामिल किया गया है। बाघ का तीन सदस्यीय चिकित्सक दल ने पोस्टमार्टम किया और उसके बाद नियमानुसार उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया। सीसीएफ गौरव चौधरी ने बताया कि जांच के लिए बाघ का बिसरा एकत्र किया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारण का पता चल सकेगा।
घटनास्थल कान्हा राष्ट्रीय उद्यान के कोर और बफर जोन से लगा हुआ है। इस इलाके में वन्यजीवों की अच्छी संख्या है और कई बार वे सड़क पर भी दिखाई देते हैं। बीते 24 दिनों में बाघ और तेंदुए सहित 10 वन्यजीवों की मौत हो चुकी है। लगातार हो रही मौतों ने वन विभाग की चिंता बढ़ा दी है। ताजा घटना के बाद क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी गई है।