
Govt School Guidelines: बालोद जिले के निजी क्षेत्र के प्रमुख शिक्षण संस्थान निर्मला सीनियर सेकेंडरी स्कूल में जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) दीपक दुबे की टीम ने औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान स्कूल में शासन के दिशा-निर्देशों और अनिवार्य योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर कुछ कमियां सामने आने की बात कही गई है। इसके बाद स्कूल प्रबंधन को नोटिस जारी कर तीन दिनों के भीतर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
जिला शिक्षा अधिकारी दीपक दुबे के मुताबिक, स्कूल प्रबंधन की ओर से शासकीय नियमों का पालन नहीं किए जाने को लेकर लंबे समय से शिकायतें मिल रही थीं। शिकायतों के आधार पर स्कूल की व्यवस्थाओं और शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति देखने के लिए टीम ने औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान स्कूल में शासन की ओर से निर्धारित दिशा-निर्देशों और योजनाओं को लेकर जानकारी ली गई। अधिकारियों ने प्रबंधन से यह भी पूछा कि बच्चों और स्कूल व्यवस्था में इन योजनाओं को किस तरह लागू किया जा रहा है।
निरीक्षण के दौरान जिला शिक्षा अधिकारी ने स्कूल के प्राचार्य सहित मैनेजमेंट स्टाफ से शासन के नियमों और योजनाओं के पालन को लेकर जानकारी ली। DEO ने स्कूल प्रबंधन को स्पष्ट किया कि शासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन सभी संबंधित शिक्षण संस्थानों के लिए जरूरी है। DEO ने प्रबंधन से कहा कि सरकारी योजनाओं और शासन की मंशा से जुड़ी जानकारी विद्यार्थियों तक पहुंचना जरूरी है। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि योजनाओं का सिर्फ कागजों पर क्रियान्वयन पर्याप्त नहीं है, बल्कि उसका असर स्कूल की व्यवस्था और विद्यार्थियों तक भी दिखाई देना चाहिए।
निरीक्षण के बाद स्कूल प्रबंधन को नोटिस जारी किया गया है। इसमें संबंधित बिंदुओं पर तीन दिनों के भीतर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने को कहा गया है। अधिकारियों के मुताबिक, प्रबंधन की ओर से दिए जाने वाले जवाब की समीक्षा के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। DEO दीपक दुबे ने कहा कि यदि तय समय सीमा में संतोषजनक जवाब नहीं मिलता है तो स्कूल प्रबंधन के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है। फिलहाल विभाग की ओर से मामले की जानकारी और निरीक्षण में सामने आए बिंदुओं को दर्ज किया गया है।
जिला शिक्षा अधिकारी ने स्पष्ट किया कि शासन की योजनाएं और दिशा-निर्देश स्कूलों के लिए महत्वपूर्ण हैं। इनका उद्देश्य विद्यार्थियों को सरकारी योजनाओं और उनके अधिकारों की जानकारी देना तथा स्कूलों में निर्धारित व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि किसी भी स्कूल में नियमों की अनदेखी की शिकायत मिलने पर विभाग की ओर से जांच की जाएगी। निरीक्षण के दौरान सामने आने वाली कमियों को दूर करने के लिए संबंधित स्कूल प्रबंधन को आवश्यक निर्देश दिए जाएंगे।
फिलहाल स्कूल प्रबंधन को तीन दिनों का समय दिया गया है। अब विभाग की नजर प्रबंधन की ओर से दिए जाने वाले स्पष्टीकरण पर है। जवाब मिलने के बाद यह देखा जाएगा कि निरीक्षण के दौरान सामने आई कमियों के संबंध में क्या स्थिति बताई जाती है और उन्हें दूर करने के लिए क्या कदम उठाए गए हैं। DEO ने कहा कि शासन की योजनाओं और दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित करना विभाग की प्राथमिकता है। स्कूलों में विद्यार्थियों के हित से जुड़ी व्यवस्थाओं को लेकर किसी तरह की लापरवाही पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।