बालोद

बस डेढ़ फीट और… फिर छलक जाएगा तांदुला

तांदुला जलाशय में कैचमेंट एरिया से तेजी से पानी आ रहा है। जलाशय में जलभराव की क्षमता 38.50 फीट है। अभी तक 37 फीट हो भराव हो चुका है। पर्यटक भी इस मनोहारी दृश्य को देखने पहुंच रहे हैं।
2 min read
• •
Updated: 24 Aug 2025, 11:49 PM IST
तांदुला जलाशय में कैचमेंट एरिया से तेजी से पानी आ रहा है। जलाशय में जलभराव की क्षमता 38.50 फीट है। अभी तक 37 फीट हो भराव हो चुका है। पर्यटक भी इस मनोहारी दृश्य को देखने पहुंच रहे हैं।

बालोद जिले के सबसे बड़ा जलाशय तांदुला छलकने को है। जलाशय में बस डेढ़ फीट और जलभराव की आवश्यकता है। इसकी जलभराव क्षमता 38.50 फीट है। वर्तमान में 37 फीट जलभराव हो चुका है। तांदुला के कैचमेंट एरिया में अच्छी बारिश हुई है। इससे जलाशय में तेजी से जलभराव हो रहा है। बालोद शहरवासियों से लेकर जिलेवासियों में खुशी दिखाई दे रही है।

तांदुला में 37 फीट जलभराव हो चुका है।

जलाशय में पानी की अच्छी आवक

सिंचाई विभाग की माने तो जलाशय में पानी की आवक अच्छी है। कुछ दिनों से रोज आधा फीट जलभराव हो रहा है। हालांकि बेमेतरा जिला में अल्पवर्षा के कारण बेरला क्षेत्र में फसलों की सिंचाई के लिए पानी की मांग की गई थी। इस कारण तांदुला से पानी छोड़ा गया है।

यह भी पढ़ें :

तीन साल पहले 2022 में हुआ था ओवरफ्लो

सिंचाई विभाग के मुताबिक 2022 में तांदुला 15 अगस्त को ओवरफ्लो हुआ था, जो लगभग दस दिन तक छलकता रहा। इस मानसून सीजन में बारिश का पूरा माह बचा है। मौसम विभाग ने भी अभी बारिश के आसार बताए हैं। जलाशय में पानी कांकेर जिला क्षेत्र से ज्यादा आता है और नदी-नालों से तेजी से पानी भी आ रहा है।

यह भी पढ़ें :

बालोद तहसील में हुई सबसे ज्यादा बारिश

इस मानसून सीजन की बात करें तो सबसे ज्यादा बालोद तहसील में 783.3 मिमी बारिश हुई है। गुंडरदेही में 605, गुरुर में 601, डौंडीलोहारा में 690, डौंडी में 735, अर्जुंदा में 632 व मार्रीबंगला देवरी तहसील में 637 मिमी बारिश हुई है।