Elephant broken houses: 15 दिन से बलरामपुर जिले के आनंदपुर गांव में विचरण कर रहा है हाथी, नदी पार कर कभी चला जाता है झारखंड
रामानुजगंज। बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के रामचंद्रपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम आनंदपुर में कड़ाके की ठंड के बीच एक नर हाथी ने जमकर उत्पात (Elephant broken houses) मचाया। घटना 2 जनवरी की रात करीब 2 बजे की है, जब हाथी गांव में घुस आया और लगभग सुबह 4 बजे तक आतंक मचाता रहा। करीब 2 घंटे तक चले इस घटनाक्रम में गांव के 6 घरों को भारी नुकसान पहुंचा है। इससे पूरे गांव में भय और दहशत का माहौल बना हुआ है।
ग्रामीणों का कहना है कि हाथी ने बाबूलाल पंडो के घर का दरवाजा (Elephant broken houses) तोड़ दिया और आसपास के घरों को भी क्षति पहुंचाई। हाथी के उत्पात के दौरान जान बचाने के लिए लोग अपने घरों से निकलकर इधर-उधर छिपते रहे। अचानक हुई इस घटना से पूरा गांव सहम गया।
हाथी के गांव में प्रवेश की सूचना मिलते ही वन विभाग की दो टीमें तत्काल मौके पर पहुंचीं और स्थिति पर नजर बनाए रखी। उत्पात मचाने के बाद हाथी पास के आवे आनंदपुर जंगल की ओर चला गया।
वन विभाग द्वारा प्रभावित घरों (Elephant broken houses) का निरीक्षण कर नुकसान का आकलन शुरू कर दिया गया है। हाथी के उत्पात में किफायत अंसारी, राम सुंदर रामदास, मेहताब आलम, लक्ष्मी नारायण एवं बैजनाथ के घरों को क्षति पहुंची है।
वन विभाग के रेंजर अजय वर्मा ने बताया कि यह नर हाथी पिछले लगभग 15 दिनों से रामानुजगंज एवं धमनी वन परिक्षेत्र में विचरण कर रहा है। हाथी (Elephant broken houses) नदी पार कर झारखंड की ओर भी चला जाता है, जिससे सीमावर्ती गांवों में लगातार खतरा बना हुआ है।
घटना (Elephant broken houses) से आक्रोशित ग्रामीणों ने वन विभाग एवं प्रशासन से हाथी प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल सुरक्षा व्यवस्था करने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि हाथियों को सुरक्षित रूप से जंगल की ओर खदेडऩे के लिए ठोस और स्थायी व्यवस्था की जाए ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।