पुलिस ने आरोपी पोते को गिरफ्तार कर भेजा जेल, मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने पोते को पकड़ा
कुसमी. एक युवक अपनी दादी पर टोनही होने का शक करता था। इसे लेकर एक दिन उसने दादी की त्रिशुलनुमा लोहे व लात-मुक्के से बेदम पिटाई कर दी। परिजनों द्वारा उसे स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया था। यहां से रेफर किए जाने के पश्चात उसे जशपुर ले गए। हालत में सुधार नहीं होने पर उसका इलाज मेडिकल कॉलेज अस्पताल अंबिकापुर में चल रहा था।
यहां इलाज के दौरान उसकी 35 दिन बाद मौत हो गई। मामले में पुलिस ने हत्या के आरोप में पोते को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के कुसमी थानांतर्गत त्रिपुरी पंचायत के ग्राम घोसरा में 3 सितंबर को एक 70 वर्षीय वृद्धा बदइल बाई की उसी के रिश्ते पोते ३० वर्षीय दिलीप ने टोनही होने का आरोप लगाकर त्रिशूल नुमा लोहे एवं लात मुक्के से बेदम पिटाई कर दी थी। वृद्धा को गम्भीर हालत में कुसमी अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
यहां से उसकी नाजुक हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने मेडिकल कॉलेज अस्पताल अम्बिकापुर रेफर कर दिया था लेकिन परिजन उसे पहले जशपुर के किसी अस्पताल में ले गए थे। इसके पश्चात मेडिकल कॉलेज अस्पताल अम्बिकापुर में परिजन उसका उपचार करा रहे थे। फिर यहां से घर ले आए थे, घर में शुक्रवार की रात उसकी मौत हो गई।
मामले में कुसमी पुलिस आरोपी पोते के खिलाफ धारा 302 हत्या का अपराध दर्ज कर उसकी खोजबीन में जुटी थी। इस दौरान पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर रविवार को ही आरोपी को गांव से गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई में निरीक्षक उमेश बघेल, एसआई सिकंदर कुर्रे, एएसआई भगवती कुर्रे व अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे।