वन विभाग ने ग्रामीणों और किसानों से अपील की है कि वे रात के समय बाहर न निकलें और आवश्यकता पडऩे पर ही टॉर्च जैसी पर्याप्त रोशनी के साथ खेतों में जाएं। साथ ही, शावकों के दिखने पर भीड़ जमा न करने और तुरंत वन अधिकारियों को सूचना देने का सहयोग करने को कहा गया है।
चामराजनगर जिले के हरावे होबली स्थित नंजनदेवनपुर गांव में हाल ही में अपनी मां के साथ दिखाई दिए चार बाघ शावकों में से एक को वन विभाग ने सुरक्षित पकड़ लिया है।
अधिकारियों के अनुसार, बाघिन को पहले 9 जनवरी को पकड़ा गया था, जबकि लगभग 10 महीने की मादा शावक को 15 जनवरी की रात सुरक्षित रूप से पकड़ लिया गया। शावक को सुरक्षित स्थान पर रखा गया है और पशु चिकित्सकों की टीम उसकी सेहत पर लगातार निगरानी रख रही है। पूरे अभियान की निगरानी बीआरटी टाइगर रिजर्व के निदेशक स्वयं कर रहे हैं।
वन विभाग ने बताया कि बाकी तीन शावकों को पकडऩे के प्रयास जारी हैं। इस अभियान में दो पशु चिकित्सक, दुबारे हाथी शिविर से लाए गए चार प्रशिक्षित हाथी, विभाग की ड्रोन टीम, थर्मल कैमरे तथा बड़ी संख्या में वन अधिकारी और कर्मचारी शामिल हैं। ड्रोन और थर्मल कैमरों की मदद से क्षेत्र में जानवरों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए वन मंत्री ईश्वर बी. खंड्रे ने अधिकारियों को निगरानी और तेज करने तथा बाघिन व शावकों को सुरक्षित पकडकऱ अन्यत्र स्थानांतरित करने के निर्देश दिए हैं। वन विभाग ने ग्रामीणों और किसानों से अपील की है कि वे रात के समय बाहर न निकलें और आवश्यकता पडऩे पर ही टॉर्च जैसी पर्याप्त रोशनी के साथ खेतों में जाएं। साथ ही, शावकों के दिखने पर भीड़ जमा न करने और तुरंत वन अधिकारियों को सूचना देने का सहयोग करने को कहा गया है।