बांसवाड़ा

Rajasthan : दो दोस्तों की गुमशुदगी बनी मिस्ट्री, 64 घंटे बाद भी नहीं मिला सुराग, पुलिस-एसडीआरएफ परेशान

Rajasthan : बांसवाड़ा के गनोड़ा/पालोदा के मोटागांव कस्बे के दो व्यापारी मित्र बीते सोमवार दोपहर से अचानक लापता हो गए। तीसरे दिन बुधवार रात तक 64 घंटों में लगातार तलाश के बाद भी कोई सुराग नहीं मिला। जानें क्या है मामला।
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Rajasthan Banswara Two Friends Disappearance remains a mystery no clue found even after 64 hours police and SDRF helpless
गनोड़ा के मोटा गांव से लापता हुए दोनों व्यापारी। लसाड़ा पुल के नीचे तलाश करती एसडीआरएफ की टीम। फोटो पत्रिका

Rajasthan : बांसवाड़ा के गनोड़ा/पालोदा के मोटागांव कस्बे के दो व्यापारी मित्र बीते सोमवार दोपहर से अचानक लापता हो गए। तीसरे दिन बुधवार रात तक 64 घंटों में लगातार तलाश के बाद भी कोई सुराग नहीं मिला। पुलिस और एसडीआरएफ की टीमें बेबस हैं। दोनों युवकों की आखिरी लोकेशन लसाड़ा पुल के नीचे माही नदी में आई, जहां बुधवार को गोताखोर उतारे गए, लेकिन न गाड़ी और न युवकों का कोई निशान नहीं मिला।

हर्षित शर्मा और उसका दोस्त सुरेश सोनी सोमवार दोपहर 1 बजे से लापता हैं। बुधवार रात 9 बजे तक दोनों को गायब हुए लगभग 64 घंटे हो गए। गगन शर्मा ने थाने में रिपोर्ट दी थी कि उसका भाई हर्षित ई-मित्र की दुकान चलाता है। सोमवार को सुरेश सोनी जबरदस्ती उसे अपने साथ ले गया और तब से दोनों गायब हैं। परिजनों ने आशंका जताई है कि हर्षित के साथ अनहोनी हो सकती है। नामजद रिपोर्ट में सुरेश सोनी को जिम्मेदार ठहराया गया है, जबकि पहले सुरेश के भी परिजनों ने उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट पुलिस को दी थी। सोमवार शाम को दोनों की अपने-अपने परिजनों से फोन पर बातचीत भी हुई थी।

पुलिस से बात करते सेवक समाज के लोग। फोटो पत्रिका

नदी में घंटों चली खोजबीन

गाड़ी नदी में गिरने की आशंका को देखते हुए बुधवार शाम को एसडीआरएफ और पुलिस ने लसाड़ा पुल के नीचे माही नदी में घंटों सर्च ऑपरेशन चलाया। उदयपुर से बुलाए गए गोताखोरों ने नदी में तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। इस दौरान सैकड़ों लोग पुल और किनारों पर जमा हो गए, जिससे ट्रैफिक बाधित हो गया और पुलिस को लोगों को हटाने में मशक्कत करनी पड़ी।

थाने के बाहर बैठे लोग। फोटो पत्रिका

सेवक समाज ने थाने पर डाला डेरा

दोनों युवकों के अब तक नहीं मिलने से ग्रामीणों और समाजजनों का सब्र टूट रहा है। बुधवार को बड़ी संख्या में सेवक समाज व ग्रामीण मोटागांव थाने पर जमा हुए और जल्द खुलासा करने की मांग पर अड़े रहे। उनका कहना था कि यदि पुलिस जल्द परिणाम नहीं लाती तो आंदोलन तेज किया जाएगा।

यह रहा घटनाक्रम

8 अगस्त : दोपहर करीब एक बजे हर्षित शर्मा को सुरेश सोनी अपने साथ ले गया। इसके बाद दोनों एक सिडॉन कार में गांव से निकले और फिर घर नहीं लौटे।
8 अगस्त की शाम : दोनों की लोकेशन गढ़ी, बांसवाड़ा, सुंदनी, गनोड़ा और पालोदा के बीच ट्रेस हुई। परिवारजन ने भी शाम को फोन पर बातचीत की।
9 अगस्त : हर्षित के भाई गगन शर्मा ने थाने में नामजद रिपोर्ट दी, जिसमें आरोप लगाया कि सुरेश ने जबरदस्ती हर्षित को साथ ले जाकर उसकी जान को खतरे में डाला है।
9 अगस्त रात : 10 बजे तक कोई पता नहीं चला। शाम 5 बजे दोनों पालोदा पेट्रोल पंप व बाद में पौने आठ बजे पिंडावल घाटी देखा गया। ग्रामीणों ने थाने में रिपोर्ट दी और अनशन की चेतावनी दी।
10 अगस्त : पुलिस ने दिनभर टीमों के साथ तलाश तेज की। गाड़ी नदी में गिरने की आशंका पर लसाड़ा पुल के नीचे सर्च ऑपरेशन चलाया गया।
10 अगस्त रात 9 बजे तक : दोनों युवकों के लापता हुए करीब 64 घंटे हो चुके थे, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला।

Updated on:
11 Sept 2025 01:51 pm
Published on:
11 Sept 2025 01:50 pm