बारां

Baran: 7 शिक्षकों के APO करने के बाद स्कूल में मचा बवाल, धरने पर बैठे स्टूडेंट्स, रख दी ये 3 डिमांड

Student Protest In Khatka Govt School: प्रधानाचार्य भंवरलाल शर्मा ने ऑनलाइन माध्यम से स्कूल के कुल 7 शिक्षकों को एपीओ कर दिया। इस फैसले से स्कूल में पढ़ाई पूरी तरह प्रभावित हो गई, जिससे छात्र नाराज हो गए।

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Apr 21, 2026
Baran School
फोटो: पत्रिका

Chaos After 7 Teacher APO: बारां के शाहाबाद उपखंड के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय खटका में मंगलवार को छात्र-छात्राओं ने स्कूल गेट पर ताला लगाकर विरोध प्रदर्शन किया। छात्रों का गुस्सा शिक्षकों को एपीओ (APO) किए जाने और प्रधानाचार्य की कार्यशैली को लेकर फूट पड़ा।

7 शिक्षकों के APO से भड़का विवाद

बताया जा रहा है कि प्रधानाचार्य भंवरलाल शर्मा ने ऑनलाइन माध्यम से स्कूल के कुल 7 शिक्षकों को एपीओ कर दिया । इस फैसले से स्कूल में पढ़ाई पूरी तरह प्रभावित हो गई, जिससे छात्र नाराज हो गए और स्कूल का शैक्षणिक माहौल बिगड़ गया ।

ग्रामीणों और छात्रों का आरोप है कि प्रधानाचार्य भंवरलाल शर्मा पिछले कई महीनों से स्कूल नहीं आ रहे हैं और श्रीगंगानगर से ही स्कूल का संचालन कर रहे हैं । इसी कारण उनकी कार्यशैली और प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं ।

'भविष्य के साथ हो रहा खिलवाड़': छात्र

छात्रों का गुस्सा और विरोध भी लगातार जारी है। उन्होंने स्कूल गेट पर ताला लगाकर धरना शुरू कर दिया है । छात्रों का कहना है कि जब पढ़ाने वाले शिक्षक ही नहीं रहेंगे तो वे पढ़ाई कैसे करेंगे और उनका शैक्षणिक भविष्य कैसे सुरक्षित रहेगा । उनका यह भी आरोप है कि उनके भविष्य के साथ गंभीर रूप से खिलवाड़ किया जा रहा है और शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो रही है ।

छात्रों ने रखी ये मांग

  1. सभी 7 शिक्षकों के एपीओ आदेश तुरंत रद्द किए जाएं
  2. प्रधानाचार्य भंवरलाल शर्मा पर अनुशासनात्मक कार्रवाई हो
  3. स्कूल में नियमित पढ़ाई का माहौल बहाल किया जाए

शिक्षा विभाग में मचा हड़कंप

स्कूल में ताला लगने और प्रदर्शन की सूचना मिलते ही शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया। मौके पर ब्लॉक शिक्षा अधिकारी और पुलिस टीम पहुंची और छात्रों से बातचीत की गई। टीम ने छात्रों, स्टाफ, कुक और सरपंच के बयान दर्ज किए।

जिला शिक्षा अधिकारी ने बताया कि प्रधानाचार्य को किसी भी शिक्षक को सीधे एपीओ करने का अधिकार नहीं होता। यह कार्रवाई केवल उच्च अधिकारियों की अनुमति से ही की जा सकती है। साथ ही, प्रधानाचार्य को 22 अप्रेल को जांच समिति के सामने पेश होने के आदेश दिए हैं।

Published on:
21 Apr 2026 12:45 pm