Dog bite case in Barmer: गडरारोड कस्बे और आसपास के बॉर्डर गांवों में पागल कुत्तों के काटने से अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सिर्फ एक दिन में 29 लोग घायल हुए, जिसके बाद अस्पताल और ग्रामीण क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी गई।
गडरारोड। कस्बे सहित बॉर्डर के कई गांवों में उस समय अफरा-तफरी मच गई जब श्वान पागल हो गए। श्वानों ने लोगों को काटना शुरू कर दिया और देखते ही देखते चारों ओर चीख-पुकार मच गई। कुत्तों के काटने के मामले में सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र गडरारोड में 29 केस आए, जिसके कारण अस्पताल में भी भीड़ लग गई।
उपखंड मुख्यालय के शिव चौराहे पर एक कुत्ता पागल हो गया। वह इधर-उधर भागने लगा। इस दौरान उसके सामने जो भी आया, उसे काट लिया। चौराहे पर कुत्ते के पागल होने की जानकारी फैलते ही लोग सतर्क हुए, लेकिन तब तक वह करीब दस-बारह लोगों को अपना शिकार बना चुका था।
वहीं भिंडे का पार में 11, मिनानियों की ढाणी में 06, सिरगुवाला, राणासर, तामलोर और ओनाडा में एक-एक लोगों को श्वान ने काटा। सीएचसी प्रभारी डॉक्टर जुंझाराम चौधरी ने बताया कि श्वान काटने के कुल 29 केस आए हैं।
ग्रामीणों ने सोशल साइट्स पर चेतावनी जारी की है कि सतर्कता बरतें, विशेषकर बच्चों का ध्यान रखें। स्थानीय प्रशासन से कुत्तों के प्रकोप पर नियंत्रण की मांग भी उठ रही है।
यह वीडियो भी देखें
गांवों में श्वानों की बढ़ती तादाद चिंता का कारण है। विशेषकर सर्दियों में श्वानों के पागल होने की घटनाएं बढ़ जाती हैं। ऐसे में आमजन से अपील है कि आवारा कुत्तों से दूरी बनाए रखें। कुत्तों में पागलपन के लक्षण जैसे एक ही जगह गोल-गोल घूमना, आंखों का लाल होना, डगमगाकर दौड़ना या मुंह से लार गिरना दिखाई दे तो उनसे दूर रहें।
राजस्थान से जुड़ी हर ताज़ा खबर, सीधे आपके WhatsApp पर
जुड़ें अभी : https://bit.ly/4bg81fl