
Blue Drum Suspense: छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में नशे के कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। भनपुरी थाना क्षेत्र के केशरपाल आवासपारा गांव में पुलिस ने छापेमार कार्रवाई करते हुए एक घर से 33.25 किलोग्राम गांजा बरामद किया है। हैरानी की बात यह रही कि गांजे को प्लास्टिक के एक नीले ड्रम में छिपाकर रखा गया था। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत 16 लाख 62 हजार 500 रुपये बताई जा रही है। पुलिस ने इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार कर एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस को सूचना मिली थी कि केशरपाल आवासपारा गांव के एक मकान में बड़ी मात्रा में गांजा छिपाकर रखा गया है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम ने तत्काल कार्रवाई की योजना बनाई और बताए गए स्थान पर दबिश दी। छापेमारी के दौरान पुलिस ने घर की तलाशी ली, जहां एक कमरे में रखे प्लास्टिक के नीले ड्रम पर संदेह हुआ। जब ड्रम की जांच की गई तो उसके अंदर भारी मात्रा में गांजा छिपाकर रखा मिला।
पुलिस की जांच में ड्रम से कुल 33.25 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। बरामद मादक पदार्थ की बाजार कीमत करीब 16.62 लाख रुपये आंकी गई है। इतनी बड़ी मात्रा में गांजा मिलने के बाद पुलिस ने पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए विस्तृत जांच शुरू कर दी है।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने घर के मालिक और केशरपाल निवासी 60 वर्षीय किशोर बघेल को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गांजा कहां से लाया गया था और इसकी सप्लाई किन लोगों तक की जानी थी।
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (NDPS) एक्ट की धारा 20(बी) के तहत मामला दर्ज किया है। आरोपी को न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
बस्तर पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जिले में नशे के अवैध कारोबार और तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने और जिले को नशामुक्त बनाने के लिए ऐसे तत्वों पर लगातार कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि बरामद गांजा स्थानीय स्तर पर बिक्री के लिए रखा गया था या फिर किसी बड़े नेटवर्क का हिस्सा था। मामले से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। पुलिस का मानना है कि पूछताछ के बाद नशे के इस कारोबार से जुड़े और भी अहम खुलासे हो सकते हैं।