
Who Is Nahid Rana नई दिल्ली। जिम्बाब्वे के खिलाफ वन-डे मुकाबले में बांग्लादेश के तेज गेंदबाज नाहिद राणा ने शानदार गेंदबाजी करते हुए इतिहास रच दिया। टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने उतरी बांग्लादेश की टीम ने जिम्बाब्वे के बल्लेबाजों को टिकने नहीं दिया। राणा ने 6 विकेट लेकर नया रिकॉर्ड बनाया और मेजबान टीम को बड़े स्कोर तक पहुंचने का मौका नहीं दिया। उनकी घातक गेंदबाजी के सामने जिम्बाब्वे की टीम 50 ओवर भी पूरे नहीं खेल सकी और महज 36.4 ओवर में 141 रनों पर ढेर हो गई।
नाहिद राणा ने अपने 10 ओवर से स्पैल में महज 21 रन दिन और जिम्बाब्वे की टीम के 6 बल्लेबाजों को पवेलियन की राह दिखाई। इसमें उन्होंने 2 ओवर मेडिन भी डाले। उन्होंने एक बल्लेबाज को क्लीन बोल्ड किया। वहीं एक खिलाड़ी को एलबीडब्ल्यू और 4 को कैच आउट करवाया। राणा और तस्कीन अहमद की कसी हुई गेंदबाजी के चलते जिम्बाब्वे की टीम के 6 बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा भी पार नहीं कर सके। तस्कीन अहमद ने 2 तो वहीं मेहंदी हसन मिर्जा ने एक विकेट झटका। इससे पहले बांग्लादेश की ओर से ODI में सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी करने का रिकॉर्ड मशरफे मुर्तजा के नाम था। मुर्तजा ने साल 2006 में केन्या के खिलाफ 26 रन देकर 6 विकेट चटकाए थे।
आपको बता दें कि नाहिद राणा बांग्लादेश के एक युवा और बेहद तेज गेंदबाज हैं, जो अपनी कि करीब 150 किमी प्रति घंटा से अधिक की रफ्तार और तेज उछाल से गेंदबाजी के लिए जाने जाते हैं। उनका जन्म 2 अक्टूबर 2002 को बांग्लादेश के चपाई नवाबगंज जिले में हुआ था। शुरुआती दिनों में उन्होंने स्थानीय स्तर पर टेनिस गेंद से क्रिकेट खेला। वर्ष 2020 के आखिर में उन्होंने पहली बार लेदर बॉल से नियमित अभ्यास शुरू किया। राणा लंबे कद के गेंदबाज हैं। उनकी लंबाई करीब 6 फीट 5 इंच है। लंबे कद के होने के चलते उन्हें गेंदबाजी में अतिरिक्त उछाल मिलता है और वे बल्लेबाजों को परेशान करने में कामयाब हो जाते हैं।
घरेलू क्रिकेट में अच्छे प्रदर्शन के बाद राणा ने 2021 में राजशाही डिवीजन से प्रथम श्रेणी क्रिकेट में कदम रखा। उसी सीजन राष्ट्रीय क्रिकेट लीग में 32 विकेट लेकर वह सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाजों में शामिल रहे। इसके बाद उन्हें रंगपुर राइडर्स और पेशावर जाल्मी जैसी फ्रेंचाइजी टीमों से खेलने का मौका मिला। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उनकी सबसे तेज गेंद 152 किलोमीटर प्रति घंटे की दर्ज की जा चुकी है। बता दें कि उन्हें सबसे बड़ी अंतरराष्ट्रीय पहचान 2026 में मीरपुर टेस्ट में मिली, जहां उन्होंने दूसरी पारी में सिर्फ 40 रन देकर 5 विकेट झटके और बांग्लादेश को पाकिस्तान पर एक ऐतिहासिक जीत दिलाई थी।