
भरतपुर. शहर में चल रहे प्रोजेक्टों में भले ही जिम्मेदारों पर रसूखदारों के दबाव में कार्यों की दिशा बदलने की आरोप लगते रहे हैं, लेकिन अब मामला शहर के रोडवेज बस स्टैंड के पीछे से जुड़ा है, जहां आरोप है कि रसूखदारों के दबाव में नाले का रास्ता ही बदल दिया गया। बुधवार को अग्रसेन स्कूल से गोलपुरा रोड जाने वाले रास्ते पर नगर निगम के अतिक्रमण हटाओ अभियान का विरोध किया गया। विरोध के बीच नगर निगम की टीम कुछ अतिक्रमण हटाकर वापस लौट गई। लोगों का आरोप है कि नगर निगम की ओर से भेदभावपूर्ण रवैया अपनाया जा रहा है। विरोध बढ़ने के कारण नगर निगम आयुक्त ने अतिक्रमण हटाने के लिए तीन दिन का समय दिया है।
आरोप था कि भरतपुर विकास प्राधिकरण की ओर से प्रभावशाली लोगों के प्रभाव में नाले की दिशा ही बदल दी। इसको लेकर पड़ोसी भी आपस में झगड़ा करने लगे। बाद में आसपास के लोगों की ओर से मामले को शांत किया गया। नगर निगम की ओर से सडक चौड़ीकरण का काम चल रहा है। इसके तहत सुबह करीब 11 बजे भारी पुलिस बल और नगर निगम की टीम जेसीबी के साथ अग्रसेन स्कूल से गोलपुरा रोड सुभाष नगर कॉलोनी जाने वाला रास्ता को 60 फीट चौड़ा करने के लिए पहुंची। टीम ने अनिल कुमार की दुकान जेसीबी से हटाई। इस पर लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया। अन्य अतिक्रमणों को भी हटाया जाना था, लेकिन नगर निगम आयुक्त श्रवण कुमार विश्नोई ने विरोध के बाद तीन दिन का समय दिया। विरोध कर रहे अनिल कुमार ने बताया कि बीडीए की ओर से नाला निर्माण कराया जा रहा है। प्रभावशाली लोगों के दबाव में नाले की दिशा बदल दी गई है। इससे नाला टेढ़ा हो गया है। इस संबंध में जिला कलक्टर को भी शिकायत दी गई है। इसमें कई प्रभावशाली लोग शामिल है जो नाले की दिशा बदलवा रहे हैं। इसी को लेकर नगर निगम अतिक्रमण हटा रही है। कॉलोनी निवासी मधुसूदन ने कहा कि ईमानदारी से काम होना चाहिए भेदभाव नहीं। दोनों साइड से समानता से अतिक्रमण हटाए जाने चाहिए। अधिकारी प्रभाव में आकर नाले को घुमा रहे हैं, ऐसा नहीं होना चाहिए।
अग्रसेन स्कूल से गोलपुरा रोड जाने वाले रास्ते में 10 करोड़ रुपए की लागत से नाला निर्माण कराया जा रहा है। यहां पर कुछ मकान पुराने बने हुए हैं। जमीन दलदल की है। मकान गिर नहीं जाएं, इसके चलते नाले को आगे की ओर से बनाया गया है।
- पंकज सिंह, एक्सईएन, भरतपुर विकास प्राधिकरण
नाले की दिशा को घुमा दिया है। इसको लेकर भरतपुर विकास प्राधिकरण को नाले को तोड़कर सही तरह से बनाने के लिए कह दिया है। नाला सही होते ही अतिक्रमण हटाए जाएंगे। लोगों का इसी को लेकर विरोध था।
- श्रवण कुमार विश्नोई, नगर निगम आयुक्त