
Chhattisgarh News: राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. ममता साहू की अध्यक्षता में हुई जनसुनवाई में वैवाहिक प्रताडऩा और पति के दूसरी महिला से संबंध का मामला सामने आया। पत्नी ने पति पर प्रताडऩा और उपेक्षा का आरोप लगाया। सुनवाई के दौरान पति ने आयोग के सामने स्वीकार किया कि उसके दूसरी महिला से संबंध हैं और वह पत्नी को अपने साथ रखने के लिए तैयार नहीं है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए आयोग ने पीडि़त महिला को पति के खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज कराने की कार्रवाई करने की अनुमति दी। आयोग की ओर से आदेश की प्रमाणित प्रति मौके पर ही निशुल्क उपलब्ध कराई गई। इसके आधार पर महिला उतई थाने में वैवाहिक क्रूरता, प्रताड़ना और धोखाधड़ी से संबंधित धाराओं में एफआईआर के लिए कार्रवाई कर सकेगी। जरूरत पडऩे पर उसे शासन की ओर से निशुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए।
अध्यक्ष डॉ. ममता साहू ने कहा कि आयोग की प्राथमिकता टूटते परिवारों को जोडऩा और मध्यस्थता के माध्यम से वैवाहिक विवादों का समाधान करना है। लेकिन पति या ससुराल पक्ष के अडिय़ल रवैये और दहेज प्रताडऩा जैसे मामलों में पीडि़त महिला को पुलिस और न्यायालय के माध्यम से कानूनी राहत दिलाई जाती है।