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छत्तीसगढ़ के सहायक शिक्षकों की बढ़ी परेशानी, तीसरे समयमान वेतन पर मंजूरी नहीं, सरकार को लिखा पत्र

Chhattisgarh Assistant Teacher: छत्तीसगढ़ के लाखों सहायक शिक्षकों की परेशानी बढ़ गई है। सरकार ने अभी तक तीसरे समयमान वेतन को मंजूरी नहीं दी है। ऐसे में विकल्प भरवाना न्यायसंगत नहीं होने की बात कही है..
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Jul 02, 2026
Chhattisgarh Teachers Association
तीसरे समयमान वेतन को मंजूरी नहीं (फाइल फोटो- पत्रिका)

Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ में क्रमोन्नति और समयमान वेतनमान के लिए कर्मचारियों से विकल्प भरवाने की प्रक्रिया के बीच सहायक शिक्षकों की परेशानी बढ़ गई है। छत्तीसगढ़ प्रदेश शिक्षक फेडरेशन ने शासन के आदेश पर सवाल उठाते हुए कहा है कि सहायक शिक्षकों के लिए तीसरे समयमान वेतनमान को अब तक मंजूरी ही नहीं मिली है। ऐसे में उनसे क्रमोन्नति और समयमान वेतनमान के बीच विकल्प भरवाना न्यायसंगत नहीं है।

Chhattisgarh Assistant Teacher: सहायक शिक्षक असमंजस में

फेडरेशन के प्रदेशाध्यक्ष राजेश चटर्जी ने बताया कि सामान्य प्रशासन विभाग ने नौ जून 2026 को सभी कर्मचारियों से क्रमोन्नति अथवा समयमान वेतनमान का विकल्प लेने के निर्देश जारी किए हैं। हालांकि, सहायक शिक्षकों के लिए समयमान वेतनमान की व्यवस्था अभी अधूरी होने से यह आदेश उनके लिए असमंजस की स्थिति पैदा कर रहा है।

दोनों विकल्पों में नुकसान की आशंका

फेडरेशन के अनुसार पहले सहायक शिक्षकों को 12 और 24 वर्ष की सेवा पूरी होने पर क्रमोन्नति के तहत उच्च वेतनमान मिलता था। बाद में समयमान वेतनमान की व्यवस्था लागू हुई, जिसके तहत अधिकांश विभागों और अन्य शिक्षक संवर्गों को 10, 20 और 30 वर्ष की सेवा पर इसका लाभ मिल रहा है। लेकिन सहायक शिक्षकों के लिए तीसरे समयमान वेतनमान का आदेश आज तक जारी नहीं हुआ है। ऐसी स्थिति में यदि सहायक शिक्षक क्रमोन्नति का विकल्प चुनते हैं, तो भविष्य में तीसरे उच्च वेतनमान के लाभ से वंचित हो सकते हैं। वहीं समयमान वेतनमान का विकल्प चुनने पर भी उन्हें पूरा लाभ नहीं मिलेगा, क्योंकि तीसरे समयमान की स्वीकृति ही नहीं है।

फेडरेशन का पक्ष

फेडरेशन का कहना है कि उसे विकल्प भरने की प्रक्रिया से कोई आपत्ति नहीं है। आपत्ति इस पर है कि सहायक शिक्षकों को अधूरी व्यवस्था के बीच निर्णय लेने के लिए मजबूर किया जा रहा है। संगठन का मानना है कि पहले वेतनमान संबंधी विसंगति दूर की जाए, ताकि भविष्य में सहायक शिक्षक को आर्थिक नुकसान न हो।

सभी शिक्षक संवर्गों के लिए समान व्यवस्था की मांग

फेडरेशन का कहना है कि उच्च वर्ग शिक्षक, व्याख्याता और प्राचार्य सहित अन्य शिक्षक संवर्गों को समयमान वेतनमान का लाभ मिल रहा है, जबकि सहायक शिक्षक अब भी इससे वंचित हैं। संगठन ने इसे वेतन संबंधी असमानता बताते हुए सभी शिक्षक संवर्गों के लिए समान व्यवस्था लागू करने की मांग की है।

मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को भेजा ज्ञापन

फेडरेशन ने मुख्यमंत्री, शिक्षा मंत्री, मुख्य सचिव, सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव तथा स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव को पत्र भेजकर मांग की है कि पहले सहायक शिक्षकों के लिए त्रिस्तरीय समयमान वेतनमान को मंजूरी दी जाए। इसके बाद ही उनसे विकल्प भरवाया जाए। साथ ही विकल्प भरने की अंतिम तिथि बढ़ाने की भी मांग की गई है।

Published on:
02 Jul 2026 03:09 pm