Chhattisgarh Vyapam: नीट री-एग्जाम की तारीख से टकराव के चलते व्यापमं ने PAT-PVPT प्रवेश परीक्षा 2026 की तिथि में बदलाव किया है। अब यह परीक्षा 21 जून की बजाय 28 जून को आयोजित होगी।
PAT-PVPT Exam 2026: व्यापमं ने पीएटी-पीवीपीटी प्रवेश परीक्षा की तिथि में बदलाव किया है। पहले यह परीक्षा 21 जून को आयोजित होने वाली थी, लेकिन अब इसे 28 जून को कराया जाएगा। परीक्षा समय में कोई परिवर्तन नहीं किया गया है। परीक्षा सुबह 10 बजे से दोपहर 1.15 बजे तक आयोजित होगी।
दरअसल, नीट परीक्षा पेपर लीक विवाद के बाद भारत सरकार ने दोबारा परीक्षा कराने का फैसला लिया है। नीट री-एग्जाम की तिथि 21 जून निर्धारित की गई है। इसी दिन व्यापमं की पीएटी-पीवीपीटी परीक्षा भी तय थी। परीक्षार्थियों को असुविधा से बचाने और परीक्षा कार्यक्रमों के टकराव को देखते हुए व्यापमं ने अपनी परीक्षा एक सप्ताह आगे बढ़ाने का निर्णय लिया।
दुर्ग जिले में पीएटी-पीवीपीटी परीक्षा के लिए सात परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इस परीक्षा में करीब तीन हजार परीक्षार्थियों के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है। व्यापमं ने तिथि परिवर्तन को लेकर संशोधित आदेश जारी कर दिया है।
फिशरीज और एनीमल हसबैंडरी साइंस से जुड़े कोर्स युवाओं के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं। इन क्षेत्रों में रोजगार और स्वरोजगार की बढ़ती संभावनाओं के कारण विद्यार्थियों का रुझान लगातार बढ़ रहा है। प्रदेश की कामधेनु विश्वविद्यालय द्वारा संचालित इन कोर्सों में पिछले कुछ वर्षों की तुलना में करीब 30 प्रतिशत अधिक रुचि देखने को मिली है। विशेषज्ञों के अनुसार एनीमल फार्मिंग, डेयरी, फिशरीज और पशुपालन आधारित उद्योगों के विस्तार से प्रशिक्षित युवाओं की मांग बढ़ी है। कई निजी कंपनियां अच्छे पैकेज पर इन क्षेत्रों के प्रोफेशनल्स को रोजगार दे रही हैं।
डिप्लोमा इन एनीमल हसबैंडरी के तहत सूरजपुर, महासमुंद और जगदलपुर स्थित वेटरनरी पॉलिटेक्निक में 100-100 सीटें उपलब्ध हैं, जबकि राजनांदगांव में 60 सीटें निर्धारित हैं। वहीं डिप्लोमा इन फिशरीज साइंस के लिए शासकीय फिशरी पॉलिटेक्निक धमधा में 30 सीटों पर प्रवेश दिया जाएगा।
नीट यूजी अब योग दिवस के दिन यानी 21 जून को होगी। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) ने शुक्रवार की इसकी घोषणा कर दी। तारीख को लेकर कुछ जानकारों ने सवाल उठाए हैं। दरअसल योग दिवस के दिन छत्तीसगढ़ ही नहीं, देशभर में कोई न कोई बड़ा आयोजन होता है। ऐसे में परीक्षा कहीं प्रभावित न हो जाए। जून के तीसरे सप्ताह में नीट होने का मतलब ये है कि सब कुछ ठीक-ठाक रहा तो रिजल्ट जुलाई अंत आ सकता है। काउंसिलिंग सितंबर में शुरू हो सकती है। इससे सेशन में तीन माह की देरी होने की आशंका है।