
परीक्षार्थी। ( Photo - Patrika )
CG Vyapam: छत्तीसगढ़ व्यावसायिक परीक्षा मंडल के मंडी उप निरीक्षक के प्रवेश परीक्षा दिलाकर निकलते समय काफी खुश दिखे। सामान्य ज्ञान में मगरमच्छों का नैसर्गिक अभ्यारण्य कौस सा है, भारत का पुराना पेट्रोलियम उत्पादक क्षेत्र कौन सा है जैसे प्रश्र आया था। इसके अलावा भी सरल प्रश्र थे, जिससे परीक्षा हल करने के बाद निकलते समय भावी अधिकारी काफी खुश दिखाई दिए। हालांकि गणित ने कुछ परीक्षार्थियों को परेशान किया।
जांजगीर-चांपा में सुबह से ही परीक्षा को लेकर लोग दूर-दराज से छोटे-बड़े वाहनों से पहुंचते रहे। केन्द्रों में जाने से पहले परीक्षार्थी काफी चिंतित दिखाई दे रहे थे, परंतु पेपर दिलाकर केन्द्रों से निकलने के बाद अभ्यर्थियों के चेहरे खिले रहे। परीक्षार्थियों से बात करने पर उन्होंने बताया कि प्रश्र आसान थे पर माइनस मार्किंग चिंता का विषय रहा।
समन्वयक डॉ. एसके मधुकर ने बताया कि रविवार को शहर सहित आसपास के 33 परीक्षा केन्द्रों में मंडी उप निरीक्षक की भर्ती परीक्षा हुई है। परीक्षा सुबह 10 से 12:15 बजे तक हुई। परीक्षा में 9 हजार 811 परीक्षार्थियों को शामिल होना था। मगर इस परीक्षा 3 हजार 120 अभ्यर्थी अनुपस्थित थे। वहीं 6 हजार 691परीक्षार्थी शामिल हुए।
परीक्षा हाल से निकलने के बाद शहर के रितेश मिश्रा ने बताया कि जीके व हिंदी तो सरल था, लेकिन अंग्रेजी व गणित ने परेशान किया है। तर्कशक्ति भी लगभग पूरा बन गया है। परीक्षार्थी अभिनव राठौर का कहना है कि पेपर आसान आया था। निर्धारित समय में 70 से 75 प्रश्न हल कर दिए हैं। छत्तीसगढ़ी से पूछा गया प्रश्न आसानी से बन गया। इस बार का पेपर सरल आया है। माइनस मार्किंग होने से थोड़ा चिंता है पर पेपर तो अच्छा बना है।
भीषण गर्मी में भर्ती परीक्षा ने परीक्षार्थियों की परेशानी बढ़ा दी। कई सेंटरों में सेकंड फ्लोर में परीक्षा आयोजित होने से पंखा गर्म फेंकता रहा, इससे छात्र पसीना पोछते रहे। परीक्षा छूटने पर परीक्षार्थियों की भीड़ एक साथ बाहर निकली तो सडक़ पर जाम की स्थिति निर्मित हो गई। भीड़ के चलते कई होटल सामग्री की पूर्ति नहीं कर पाए। वहीं परीक्षा के दौरान बीडीएम उद्यान में भी परीक्षा दिलाने आए परीक्षार्थियों के पालक अपने छोटे बच्चों को अपने झूले झुलाते नजर आए।
Updated on:
27 Apr 2026 04:39 pm
Published on:
27 Apr 2026 04:39 pm
