Bhilwara News : यदि हम भगवान के मस्तक पर आभामंडल लगाते हैं तो निश्चित ही हमारे जीवन में यश, कीर्ति और वैभव की प्राप्ति होती है।
भीलवाड़ा. यदि हम भगवान के मस्तक पर आभामंडल लगाते हैं तो निश्चित ही हमारे जीवन में यश, कीर्ति और वैभव की प्राप्ति होती है। शास्त्रीनगर के दिगंबर जैन मंदिर में मुनि समत्व सागर ने यह विचार जताए। श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष प्रवीण चौधरी ने बताया कि मुनि समत्व सागर की प्रेरणा से पार्श्वनाथ दिगंबर मंदिर शास्त्रीनगर में 20 किलो चांदी से भगवान की वेदी पर आभामंडल बनाया जाएगा जिसमें 100 ग्राम सोने से नक्काशी भी होगी।
चांदी से बनने वाले 180 फीट के इस आभामंडल पर सोने से डिजाइन बनाई जाएगी। तकरीबन तीन महीने में जयपुर के कारीगर इसे बनाकर तैयार कर देंगे। इसकी शुरूआत बुधवार सुबह मंदिर में दिगंबर जैन मुनि समत्वसागर महाराज की धर्मसभा से हुई। इसे बनाने के तकरीबन 21 लाख रुपए की लागत आएगी।
भीलवाड़ा में पहली बार किसी दिगंबर जिनालय में चांदी का आभामंडल लगेगा। इस पर स्वर्ण नक्काशी होगी। इस मौके पर कई श्रावकों ने चांदी दान की। इससे चांदी के आभामंडल का निर्माण होगा।