जमीन लेने के बाद इसका शर्तों के हिसाब से उपयोग नहीं करने पर जिला कलक्टर शुचि त्यागी ने अहम फैसला दिया है
भीलवाड़ा।
खेती के लिए जमीन लेने के बाद इसका शर्तों के हिसाब से उपयोग नहीं करने पर जिला कलक्टर शुचि त्यागी ने अहम फैसला दिया है। इसमें आवंटी को 25 साल पहले दी गई जमीन को निरस्त कर दिया है। जिला कलक्टर न्यायालय में दर्ज प्रकरण में बताया कि आवंटी के नाम जमीन थी, लेकिन पिछले 25 सालों में कोई भी जिंस गिरदावरी प्रस्तुत नहीं की है। साथ ही इस जमीन पर आवंटी का कब्जा भी नहीं रहा है।
इससे गैर खातेदारी अधिकार की पात्रता भी नहीं रखता है। इसलिए इस जमीन का आवंटन निरस्त किया है। जिला कलक्टर की ओर से दिए फैसले में बांसड़ा निवासी गोपी बलाई की जमीन का आवंटन निरस्त किया है।
जानकारी के अनुसार अधिवक्ता शिवसिंह चारण के मार्फत बांसड़ा के रतनलाल गुर्जर ने जिला कलक्टर न्यायालय में याचिका पेश की।
याचिका में बताया कि बांसड़ा गांव में वर्ष-1992 में गोपी बलाई को एक बीघा जमीन आवंटित की गई थी। लेकिन आवंटनकर्ता ने नियमों की पालना नहीं की। अधिवक्ता चारण के मार्फत पेश याचिका की सुनवाई के बाद जिला कलक्टर न्यायालय ने आवंटन में शर्तो की पालना नहीं करने पर आवंटन निरस्त करने के आदेश जारी किए।
पहले साल में 50 फीसदी जमीन पर काश्त जरूरीकलक्टर ने फैलसे में उल्लेख किया कि आवंटन के पहले साल में आवंटन रकबे का 50 प्रतिशत एवं उसके अगले वर्ष में सम्पूर्ण रकबे पर काश्त किया जाना जरूरी है।
प्रतापनगर स्कूल में बिना अंकतालिका और टीसी के भी अस्थाई प्रवेश
भीलवाड़ा. दो पारी में संचालित होने वाले शहर के प्रताप नगर राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में कक्षा 1 से 12 हिंदी माध्यम व कक्षा 11वीं व 12 वीं के लिए विज्ञान और वाणिज्य संकाय में अंग्रेजी माध्यम में प्रवेश प्रक्रिया मंगलवार से प्रारंभ हो गई है। इसके साथ ही कक्षा 9-12 में बालिकाओं को भी प्रवेश दिए जा रहे हैं। प्रिंसीपल नारायणलाल जागेटिया ने बताया कि छात्र-छात्राओं को पिछली पास कक्षा की अंकतालिका व टीसी के बिना भी विद्यालय में अस्थाई प्रवेश दिए जा रहे हैं।
इस सत्र में परिसर में 6 स्मार्ट कक्ष निर्माणाधीन है। विद्यालय में पहली से 8वीं तक कक्षाएं भी दूसरी पारी में इसी परिसर में चलेगी। इसमें बिना कोई शुल्क दिए बालक अध्ययन कर सकेंगे। विद्यालय का स्टाफ प्रवेशोत्सव को लेकर पंपलेट वितरण करने के साथ ही घर-घर जाकर अभिभावकों से संपर्क कर बच्चों को स्कूल में प्रवेश दिलाने की अपील कर रहे है।