पेट्रोल व डीजल के दामों में वृद्धि का असर रसोई पर भी पडऩे लगा है। फल-सब्जियों के अलावा दालों व अन्य रोजमर्रा की जरूरत का सामान महंगा होने लगा है
भीलवाड़ा
पेट्रोल व डीजल के दामों में वृद्धि का असर रसोई पर भी पडऩे लगा है। फल-सब्जियों के अलावा दालों व अन्य रोजमर्रा की जरूरत का सामान महंगा होने लगा है। मंडी व्यापारी डीजल की महंगाई व ट्रांसपोर्टरों ने भी अपनी दर बढ़ाना शुरू कर दिया है। इसके चलते रोजमर्रा की जरूरतों की चीजों का भाव भी बढऩे लगा है।
फल-सब्जी विक्रेता संघ के मथुरालाल माली ने कहा, डीजल दामों में वृद्धि से फल व सब्जी कम आ रही है।
सब्जी का उठाव कम हो गया। सब्जियों के दामों में तेजी आ गई। हालांकि थोक बाजार में फलों व सब्जियों के भाव ज्यादा नहीं बढ़े है। फूटकर सब्जी विक्रेताओं ने दाम बढ़ाने शुरू कर दिए है। फलों के दाम रमजान व गर्मी के कारण पहले ही बढ़े थे। महंगे डीजल ने इसमें और तेजी ला दी। फल विक्रेता भगवान सिंह ने कहा, तेल कीमत का सीधा असर फलों पर पड़ा है। माल भाड़े बढ़ गया। आम व केले को छोड़कर अन्य फलों के भाव बढऩे लगे है। उधर, महिलाओं ने कॉस्मेटिक पर खर्च घटा दिया। ब्यूटी पार्लर जाना कम हो रहा। साड़ी की दुकानों पर भी आजकल भीड़ कम नजर आ रही है।
पहले सप्ताह में दो तीन बार कार से बाजार जाते थे अब 15 दिन में एक बार जाते है। कार के स्थान पर दोपहिया वाहन से काम चला रहे है। इससे महंगाई से लडऩे में काफी मदद मिल रही है।
श्रद्धा मोगरा, आजाद नगर
पास की दुकान से जरूरत का सामान खरीदते है। पहले तो साथ दूसरा सामान भी खरीद लेते थे। पेट्रोल-डीजल के दाम बढऩे से वाहन चलाना मुश्किल हो गया। दोपहिया से ही करने का प्रयास करते है।
नीता पारख, केसरिया पारस