
MP By Election - दतिया विधानसभा उपचुनाव में वोटों की गिनती चल रही है। चौथे राउंड तक कभी बीजेपी तो कभी कांग्रेस आगे हो रही है। यहां 15 राउंड की मतगणना होनी है, कहा जा रहा है कि अंतिम राउंड तक ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। हालांकि मध्यप्रदेश में उपचुनावों में बीजेपी हमेशा कांग्रेस पर भारी पड़ती रही है। करीब 6 सालों के अंतराल में प्रदेश में हुए उपचुनावों में बीजेपी ने 60 प्रतिशत से ज्यादा सीटोें पर सफलता हासिल की वहीं कांग्रेस का सक्सेस रेट 40 प्रतिशत के आसपास ही सिमटा रहा।
उपचुनावों में प्रदेश के मतदाताओं ने सत्ताधारी दल बीजेपी के अधिकांश प्रत्याशियों को जिताया
अधिकांश राजनैतिक विश्लेषक कहते हैं कि उपचुनावों में ज्यादातर सत्ताधारी दल हावी रहता है। मतदाता प्राय: सरकार के कामकाज पर वोट देते हैं, जिस पार्टी का शासन होता है उसकी जीत होती है। मध्यप्रदेश में यह बात पूरी तरह लागू होती है। पिछले कई सालोें में उपचुनावों में प्रदेश के मतदाताओं ने सत्ताधारी दल बीजेपी के अधिकांश प्रत्याशियों को जिताया।
सन 2023 में विधानसभा चुनावों में बीजेपी को बंपर जीत मिली थी। वर्तमान में बीजेपी के कुल 164 विधायक हैं और कांग्रेस के 64 विधायक हैं। भारत आदिवासी पार्टी का भी एक विधायक है। दतिया उपचुनाव के परिणाम आने के बाद बीजेपी या कांग्रेस की एक सीट बढ़ सकती है।
सन 2024 में एमपी में 3 विधानसभाओं के लिए उपचुनाव हुए। इनमें 2 पर सत्ताधारी दल यानि बीजेपी को विजय मिली जबकि एक सीट पर पराजय का सामना करना पडा। अमरवाडा और बुधनी विधानसभा सीटों पर बीजेपी जीती जबकि विजयपुर सीट पर कांग्रेस प्रत्याशी को कामयाबी मिली।
सन 2019 से सन 2024 तक के 6 साल मध्यप्रदेश में भाजपा के नाम रहे। इस दौरान हुए ज्यादातर उपचुनावों में सत्ताधारी पार्टी बाजी मारते रही। इन 6 सालों में प्रदेश में खूब उपचुनाव भी हुए। 36 विधानसभा सीटों और 1 लोकसभा सीट के लिए उपचुनाव हुए। इस प्रकार कुल 37 सीटों पर उपचुनाव हुए जिनमें से 23 विधानसभा सीटों पर बीजेपी जीती। एकमात्र लोकसभा सीट पर भी उसी ने कब्जा जमाया। विधानसभा उपचुनावों में कांग्रेस केवल 13 सीटें ही जीत सकी। इस प्रकार बीजेपी का सक्सेस रेट करीब 64 प्रतिशत रहा।