भोपाल

कृषि कानूनों के विरोध में कांग्रेस का ऐलान : 15 जनवरी को प्रदेशभर में होगा 2 घंटे चक्काजाम, 23 को घेरेंगे राजभवन

कमलनाथ ने प्रेस कांफ्रेस में आरोप लगाते हुए कहा कि, कानून की बुनियाद ही कमजोर है। कॉन्ट्रेक्ट फॉर्मिंग के लिए मजबूर हो जाएंगे किसान।
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Updated: 7 Jan 2021, 8:25 PM IST
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कृषि कानूनों के विरोध में कांग्रेस का ऐलान : 15 जनवरी को प्रदेशभर में होगा 2 घंटे चक्काजाम, 23 को घेरेंगे राजभवन

भोपाल/ केन्द्र सरकार की ओर से बनाए गए कृषि कानूनों का विरोध लगातार बढ़ता ही जा रहा है। एक तरफ राजधानी दिल्ली में हजारों की संख्या में किसान बीते कई दिनों से कृषि कानून के खिलाफ आंदोलन कर रहे हैं। वहीं, दूसरी तरफ मध्य प्रदेश समेत देश के अलग अलग राज्यों से लगातार किसान दिल्ली में जारी आंदोलन को समर्थन देने के लिये निकल रहे हैं। हालांकि, कृषि कानून केन्द्र की मौदी सरकार द्वारा लागू किया गया है, जिसके चलते देश भर के विपक्षी दल भी किसानों के आंदोलन को समर्थन दे चुके हैं। इसी कड़ी में मध्य प्रदेश कांग्रेस ने भी किसान आंदोलन के समर्थन में बड़ा ऐलान कर दिया है।


2 घंटे प्रदेश की सड़कें बंद! राजभवन भी घेरा जाएगा- कमलनाथ

मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का समर्थन करते हुए ऐलान किया है कि, अब कांग्रेस प्रदेश के किसानों के साथ सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेगी। इसी कड़ी में उन्होंने कहा कि, 15 जनवरी को प्रदेश के सभी जिलों में एक साथ दोपहर 12 बजे से लेकर 2 बजे तक चकाजाम किया जाएगा। इस हिसाब से अगर देखा जाए तो ये चकाजाम प्रदेशभर में एक साथ होगा। इसके अलावा, कमलनाथ ने ये भी कहा कि, अगर सरकार इसपर भी नहीं मानी तो, 23 जनवरी को कांग्रेस किसानों की अगुवाई में राजभवन का भी घेराव करेगी।

सिर्फ 20 फीसदी किसानों को ही मिल रहा एमएसपी का लाभ- कमलनाथ

मीडिया से बात करते हुए कमलनाथ ने केन्द्र सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि, वो किसानों को खत्म करने पर तुली हुई है। कृषि कानूनों की बुनियाद ही कमजोर है। इस कानून हम न सिर्फ विरोध कर रहे हैं, बल्कि एनडीए के घटक दल भी कर रहे हैं। क्योंकि ये एमएसपी खत्म करने वाला कानून है। केंद्र कृषि क्षेत्र का निजीकरण करना चाहती है। यही कारण है कि, आजादी के बाद से ही आरएसएस और जनसंघ की सोच निजीकरण को प्राथमिकता देती रही है। उन्होंने कहा कि, मध्य प्रदेश देश में सबसे ज्यादा गेहूं पैदा करने वाला राज्य है। कमलनाथ ने ये भी आरोप लगाया कि, सरकार के इस कानून से कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग के लिए किसान मजबूर हो जाएगा। MP की 70 फीसदी अर्थव्यवस्था आधारित है। बावजूद इसके प्रदेश में 20 फीसदी किसानों को ही एमएसपी का लाभ दिया जा रहा है। इसका सबसे खासा नुकसान मध्य प्रदेश के किसानों को हो रहा है।


कांग्रेस का आंदोलन

-23 जनवरी को भोपाल में राजभवन का घेराव।

किसान आंदोलन के समर्थन में उतरी कांग्रेस - video

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7 Jan 2021, 8:25 PM IST
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