मौसम विभाग ने भारी व अतिभारी वर्षा की संभावना जताई warning for heavy rain ...
सीहोर। मध्य प्रदेश के कई जिले इन दिनों बारिश ( heavy rain ) की चपेट में हैं। जिसके चलते इन क्षेत्रों जनजीवन बुरी तरह से प्रभावित हो रहा है। मध्यप्रदेश से सटे सीहोर जिले में भी तेज बारिश ( heavy rainfall ) के कारण गुरुवार को कई नदी और नालों में उफान आ गया, जिससे आष्टा क्षेत्र के सौ से ज्यादा गांव का संपर्क टूट गया।
सीहोर मुख्य बाजार में भी जलभराव से लोग परेशान हुए हैं। कोठरी का निपानिया तालाब और सीहोर का जमोनिया जलाशय ओवर फ्लो ( warning for heavy rain ) हो गए हैं। तालाब के ओवर फ्लो होने से निपानिया गांव में घुटने-घुटने पानी भर गया। यहां हर साल तालाब के ओवर फ्लो होने से ग्रामीण परेशान होते हैं, लेकिन प्रशासन बचाव के कोई इंतजाम नहीं कर रहा है।
मौसम विभाग की चेतावनी : heavy rain warning ...
वहीं अब मौसम विभाग की ओर से भी मध्यप्रदेश को लेकर एक बड़ी चेतावनी जारी की गई है। जिसके अनुसार आगामी कुछ समय में सीहोर,राजगढ, गुना सहित इंदौर, धार, खंडवा, खरगौन, अलीराजपुर, झाबुआ, बडवानी, बुरहानपुर, उज्जैन,नीमच, रतलाम, शाजापुर, देवास, मंदसौर, आगर, श्योपुरकलां, हरदा व होशंगाबाद में भारी बारिश के साथ ही कहीं कहीं पर अतिभारी वर्षा होने की संभावना की चेतावनी जारी की गई है।
मौसम बुलेटिन : heavy rain warning ...
मौसम विभाग की ओर से जारी किए गए बुलेटिन के मुताबिक आगामी 24 घंटों में भोपाल,रायसेन, राजगढ, विदिशा, सीहोर,उज्जैन, नीमच,रतलाम, शाजापुर, देवास, मंदसौर, आगर, होशंगाबाद, बैतूल, हरदा, इंदौर, धार, खंडवा, खरगौन, अलीराजपुर, झाबुआ, बडवानी, बुरहानपुर जिलों में अधिकांश स्थानों पर...
जबकि छिंदवाडा, जबलपुर, मंडला, बालाघाट, नरसिंहपुर, सिवनी, कटनी, अनूपपुर, डिंडोरी,उमरिया, शहडोल, पन्ना, सागर, टीकमगढ, दमोह, छतरपुर जिलों में अनेक स्थानों पर ...
और दतिया,गुना, ग्वालियर, शिवपुरी, अशोकनगर,श्योपुरकलां,भिण्ड, मुरैना, रीवा,सतना,सीधी,सिंगरौली जिलों में कुछ स्थानों पर तेज वर्षा या गरज व चमक के साथ बौछारें mansoon rain पड़ सकती हैं।
वहीं 11 व 12 अगस्त 2019 को मध्यप्रदेश की वर्षा mp mansoon गतिविधियों में कमी आने की भी मौसम विभाग ने संभावना जताई है।
वहीं गुरुवार को मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में भी जमकर बारिश हुई। जिसके चलते कई जगहों पर पानी भर गया।
सीहोर के हाल...
सीहोर के आष्टा/जावर/निपानिया क्षेत्र इन दिनों बारिश से अत्यधिक प्रभावित बने हुए हैं।जानकारी के अनुसार गुरुवार सुबह 8 बजे की रिपोर्ट के मुताबिक बीते 24 घंटे में सीहोर जिले में 35.8 एमएम औसत बारिश रेकॉर्ड की गई है।
इसमें सबसे ज्यादा बारिश आष्टा और जावर ब्लॉक में हुई है। जिसमें आष्टा में 86 और जावर में 48 एमएम बारिश रेकॉर्ड की गई है। सीहोर जिले में एक जून से अभी तक करीब 719.6 एमएम बारिश हो चुकी है।
पिछले साल इस समयावधि में महज 626.2 एमएम बारिश रेकॉर्ड की गई थी। गुरुवार को रुक-रुक के बारिश का सिलसिला सुबह से ही शुरू हो गया था। दोपहर में कई बार झमाझम बारिश भी हुई, जिसके कारण शहर के मेन बाजार में घुटने-घुटने पानी भर गया। हालांकि इस बार जलभराव के कारण कोई नुकसान नहीं हुआ है, क्योंकि बाढ़ की स्थिति बनने के बाद प्रशासन ने पानी निकासी के अस्थाई इंतजाम कर दिए हैं।
बारिश: हाई अलर्ट...
मौसम विभाग ने आगामी दो दिन में भारी बारिश होने की संभावना व्यक्त की है। तेज बारिश की चेतावनी को लेकर जिले को हाई अलर्ट पर रखा गया है। आरएके कृषि महाविद्यालय के मौसम विशेषज्ञ डॉ. एसएस तोमर ने बताया कि दो दिन में भारी बारिश की संभावना है। कई क्षेत्र में अतिवृष्टि हो सकती है, लोग सुरक्षा की दृष्टि से पहले से ही बाढ़ से बचने के इंतजाम करें।
सौ से ज्यादा गांव का संपर्क टूटा, तेज बारिश से हर साल बनती है ऐसी स्थिति...
इससे पहले बुधवार के दिन से रुक-रुक कर हो रही तेज बारिश के कारण गुरुवार शाम को आष्टा क्षेत्र के नदी नालों में उफान आ गया। आष्टा के मालीखेड़ी और दुपाडिया नाले में उफान आने से करीब सात गांव का संपर्क आष्टा से कट गया है। जावर में नेवज नदी में उफान आने से कजलास क्षेत्र के करीब 100 गांव का संपर्क टूट गया है।
जावर नगर के बीच कजलास नदी के पुल के ऊपर से पानी निकल रहा है, यहां सैकड़ों लोग दोनों तरफ खड़े होकर पुल पर पानी कम होने का इंतजार कर रहे हैं। जावर पुल पर पानी होने के कारण दो हिस्सों में बंट गया है। जावर में तेज बारिश होने पर हर साल ऐसी स्थिति बनती है।
घुटने-घुटने पानी में से निकली शव यात्रा
कोठरी के निपालिया गांव का बड़ा तालाब गुरुवार को ओवर फ्लो हो गया। तालाब के ओवर फ्लो होते ही गांव में घुटने-घुटने पानी भर गया। बारिश के दौरान गांव के जगन्नाथ सिंह सोनी की मौत हो गई। पहले तो ग्रामीणों ने काफी देर तक बारिश थमने और गांव में भरे पानी के कम होने का इंतजार किया, लेकिन जब काफी देर तक पानी कम नहीं हुआ तो ग्रामीण घुटने-घुटने पानी के बीच से शव यात्रा के साथ श्मशान घाट तक पहुंचे।
मालूम हो, निपानियाकलां गांव में करीब 800 परिवार निवास करते हैं। तालाब के ओवर फ्लो होने से हर साल 4 हजार से ज्यादा की आबादी को परेशान होना पड़ता है, लेकिन यहां पर बचाव के जल संसाधन विभाग और जिला प्रशासन द्वारा कोई इंतजाम नहीं किए गए हैं।
सीहोर जिला: एक जून से अभी तक हुई वर्षा एमएम में
| ब्लॉक | अभी तक | पिछले साल |
| सीहोर | 897.0 | 933.4 |
| श्यामपुर | 676.0 | 575.0 |
| आष्टा | 782.0 | 565.0 |
| जावर | 407.5 | 467.0 |
| इछावर | 710.0 | 668.0 |
| नसरुल्लागंज | 859.0 | 403.0 |
| बुधनी | 643.0 | 629.0 |
| रेहटी | 782.2 | 769.0 |