
MP News : खाद्य जांच में असुरक्षित पाए गए पतंजलि के 200 एमएल गाय के घी के एक बैच को मध्य प्रदेश के सभी बाजारों से वापस मंगाने के निर्देश दिए गए हैं। मामला सूबे के छिंदवाड़ा जिले के तामिया क्षेत्र से जुड़ा है। खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने 10 अगस्त 2026 को देलाखारी स्थित अनिल किराना से पतंजलि गाय के घी का नमूना लिया था।
ये नमूना बैच नंबर FAWB260017 का था। इसका निर्माण अप्रैल 2026 में हुआ था और उपयोग की अंतिम तिथि दिसंबर 2026 थी। नमूने की जांच भोपाल की कैलि लैब प्राइवेट लिमिटेड में कराई गई। 21 सितंबर को जारी जांच रिपोर्ट में उक्त घी को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत असुरक्षित घोषित किया गया। इसके बाद खाद्य सुरक्षा विभाग ने संबंधित बैच की बिक्री, वितरण और आपूर्ति तत्काल बंद करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही बाजार, वितरक, थोक विक्रेता और खुदरा दुकानों पर उपलब्ध इस बैच के पूरे स्टॉक की पहचान कर उसे वापस लेने के लिए कहा गया है।
वापस लिए गए घी को अन्य खाद्य पदार्थों से अलग रखना होगा और उस पर ‘खाद्य वापसी- बिक्री के लिए नहीं’ का स्पष्ट निशान लगाना होगा। निर्माता को सभी वितरकों, थोक विक्रेताओं और खुदरा विक्रेताओं को तत्काल सूचना देने के निर्देश दिए गए हैं। आवश्यकता होने पर प्रभावित उपभोक्ताओं को भी इसकी जानकारी देनी होगी। निर्माता को संबंधित बैच की कुल उत्पादन मात्रा, वितरित मात्रा, बाजार में उपलब्ध स्टॉक और वापस प्राप्त मात्रा का पूरा हिसाब तैयार करना होगा। यह जानकारी संबंधित खाद्य सुरक्षा अधिकारी को अधिकतम 24 घंटे में उपलब्ध कराने के निर्देश हैं।
वापस लिए गए घी को सक्षम अधिकारी की अनुमति के बिना दोबारा बाजार में नहीं भेजा जा सकेगा। खाद्य सुरक्षा विभाग रिकॉल की पूरी प्रक्रिया की निगरानी करेगा और इसकी जानकारी एफओएससीओएस पोर्टल पर दर्ज की जाएगी। विभाग ने स्पष्ट किया है कि, रिकॉल में सहयोग नहीं करने या असुरक्षित बैच की बिक्री जारी रखने पर खाद्य सुरक्षा कानून के तहत अलग से कार्रवाई की जाएगी।