
Bijnor Woman Wrestler Case: बिजनौर शहर कोतवाली में एक युवती ने थाना परिसर में खुद पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा ली। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने तत्काल आग बुझाकर उसे जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद मेरठ रेफर कर दिया गया। मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में शहर कोतवाली प्रभारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
जानकारी के मुताबिक, करीब तीन साल पहले महिला की मुलाकात बिजनौर निवासी फौजी से सरस्वती विद्या मंदिर में हुई थी। दोनों के बीच दोस्ती हुई, इसके बाद दोनों काफी करीब आ गए। महिला का आरोप है कि फौजी ने बाद में उससे शादी करने से इनकार कर दिया। इसके बाद पीड़िता ने फौजी के विरुद्ध दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस के अनुसार जांच के दौरान पर्याप्त साक्ष्य न मिलने के कारण पुलिस ने पहली बार अंतिम रिपोर्ट (एफआर) लगा दी। इसके बाद महिला ने पुनः शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस के अनुसार, महिला ने वर्ष 2024 में स्वाहेड़ी निवासी फौजी और उसके परिजनों के खिलाफ दुष्कर्म व पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कराया था। विवेचना के दौरान सीडीआर और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपों की पुष्टि नहीं होने पर पुलिस ने मामले में अंतिम रिपोर्ट लगा दी थी। इसके बाद महिला ने युवक पर संबंध बनाकर शादी का झांसा देने का आरोप लगाते हुए वर्ष 2025 में एक अन्य मुकदमा दर्ज कराया। इस मामले में फौजी को इलाहाबाद हाईकोर्ट से गिरफ्तारी पर स्थगन आदेश मिला हुआ था। पुलिस ने विवेचना पूरी कर आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल कर दिया था, जिस पर हाल ही में संज्ञान लिया गया था।
पुलिस के मुताबिक, 21 जून को महिला कोतवाली पहुंची और प्रतिपक्ष को बुलाकर बातचीत कराने की मांग की। पुलिस ने संपर्क का प्रयास किया, लेकिन संबंधित लोग घर पर नहीं मिले। पुलिस ने अगले दिन बातचीत कराने का आश्वासन दिया, लेकिन वह इससे संतुष्ट नहीं हुई।
जांच में सामने आया है कि युवती कुछ समय बाद थाना परिसर से बाहर गई थी। पुलिस का दावा है कि रात करीब 10:30 बजे उसके सौतेले पिता एक बोतल में ज्वलनशील पदार्थ लेकर पहुंचे और करीब 10:41 बजे उन्होंने युवती को बोतल दिया। इसके बाद युवती ज्वलनशील पदार्थ लेकर थाना परिसर में दाखिल हुई और रात 10:53 बजे उसने खुद पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा ली। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने तत्काल आग बुझाई और उसे उपचार के लिए अस्पताल भेजा।
वहीं, युवती की मां ने आरोप लगाया है कि आरोपी युवक और उसके परिवार द्वारा मानसिक प्रताड़ना दिए जाने के कारण उसकी बेटी ने यह कदम उठाया। मां की तहरीर पर युवक और अन्य के खिलाफ एक नया मुकदमा दर्ज किया गया है। घटना के बाद पुलिस विभाग ने थाना परिसर में आगंतुकों की प्रभावी निगरानी नहीं किए जाने को गंभीर लापरवाही मानते हुए कोतवाली प्रभारी निरीक्षक अमर सिंह राठौर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। मामले की जांच और विधिक कार्रवाई जारी है।
पीड़िता एम.एससी. उत्तीर्ण है और राज्य स्तरीय कुश्ती प्रतियोगिताओं में भाग ले चुकी है। पिता के निधन के बाद उसकी मां ने पुनर्विवाह कर लिया। महिला का एक भाई भी है।