बिजनोर

बिजनौर में अवैध हथियार फैक्ट्री का पर्दाफाश: सरगना समेत 8 अरेस्ट, पिस्टल-तमंचों का जखीरा बरामद

Bijnor Crime News: यूपी की बिजनौर पुलिस ने अवैध हथियार बनाने और बेचने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए सरगना आरिफ समेत आठ लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने छह पिस्टल, 11 तमंचे, कारतूस और हथियार बनाने के औजार बरामद किए हैं।

2 min read
Mar 10, 2026
bijnor illegal arms gang busted 8 arrested
बिजनौर में अवैध हथियार फैक्ट्री का पर्दाफाश | Image Source - Pexels

Illegal arms gang busted Bijnor: बिजनौर पुलिस ने अवैध हथियार बनाने और बेचने वाले एक सक्रिय गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए सरगना समेत आठ लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस की कार्रवाई में छह पिस्टल, 11 तमंचे, कई कारतूस और हथियार बनाने के औजार बरामद किए गए हैं।

पुलिस के मुताबिक गिरोह का मुख्य आरोपी आरिफ लंबे समय से अवैध हथियार तैयार कर उन्हें अलग-अलग जिलों में सप्लाई कर रहा था। सभी आरोपितों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है और मामले की आगे की जांच जारी है।

गिरोह का नेटवर्क कई जिलों तक फैला

एएसपी देहात प्रकाश कुमार ने सोमवार को बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि क्षेत्र में अवैध हथियारों की सप्लाई तेजी से बढ़ रही है। इसके बाद पुलिस टीम ने निगरानी बढ़ाते हुए कार्रवाई की और गिरोह के सरगना आरिफ समेत आठ लोगों को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपितों में ललित कुमार, सीवांत चौधरी, विनीत, नबील, शमीम उर्फ माइकल उर्फ मुन्ना, शादमान और जुल्फिकार शामिल हैं। पुलिस के अनुसार यह गिरोह अलग-अलग जिलों में हथियार बेचने और आपराधिक घटनाओं में इस्तेमाल के लिए उपलब्ध कराने का काम करता था।

अमरोहा में घर को बना रखा था हथियार बनाने का अड्डा

जांच में सामने आया है कि गिरोह का सरगना आरिफ अमरोहा के नौगांवा क्षेत्र की नई बस्ती में अपने घर पर ही पिस्टल और तमंचे तैयार करता था। वह कई वर्षों से इस अवैध कारोबार में सक्रिय था और तैयार हथियारों को अपने साथियों के माध्यम से अलग-अलग लोगों तक पहुंचाता था।

पुलिस के अनुसार आरिफ पहले भी कई बार जेल जा चुका है और उस पर विभिन्न आपराधिक मामले दर्ज हैं। उसके साथियों में शामिल ललित पर चार और नबील पर तीन आपराधिक मुकदमे दर्ज बताए जा रहे हैं।

राजकुमार हत्याकांड जांच से खुला राज

पुलिस को इस गिरोह तक पहुंचने में हाल ही में हुए राजकुमार हत्याकांड की जांच से अहम सुराग मिला। शिवालय हेल्थ केयर सेंटर के संचालक राजकुमार की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में पुलिस ने शूटर विकास उर्फ छोटू, डॉक्टर नीरज और हथियार बेचने वाले राजन को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में राजन ने बताया कि उसने तमंचा और पिस्टल अमरोहा निवासी आरिफ से खरीदे थे। इसी जानकारी के आधार पर पुलिस ने गिरोह तक पहुंचकर बड़ी कार्रवाई की।

सात हजार रुपये में बेचा गया था हत्या में इस्तेमाल तमंचा

पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि शूटर विकास उर्फ छोटू ने राजन से सात हजार रुपये में तमंचा खरीदा था, जिसका इस्तेमाल हत्या की वारदात में किया गया। पुलिस ने राजन के पास से एक पिस्टल भी बरामद की थी। पूछताछ में राजन ने बताया कि उसने माइकल, नबील और विनीत को भी पिस्टल और तमंचे बेचे थे। इसके बाद पुलिस ने पूरे नेटवर्क को चिन्हित करते हुए आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस कर रही नेटवर्क की गहराई से जांच

पुलिस अधिकारियों के अनुसार यह गिरोह लंबे समय से अवैध हथियारों का कारोबार कर रहा था और कई आपराधिक घटनाओं में इनके हथियार इस्तेमाल होने की आशंका है। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश कर रही है और यह भी जांच की जा रही है कि अब तक कितने हथियार बनाए और किन-किन लोगों को बेचे गए।

Published on:
10 Mar 2026 04:49 pm