Highlights- बिजनौर के बढ़ापुर थाना क्षेत्र के साहूवाला की घटना - घर में खाना बनाने के लिए लकड़ी लेने पास के ही जंगल में गया था युवक - दोस्त ने किसी तरह भागकर बचाई अपनी जान
बिजनौर. लॉकडाउन में जहां लोग घरों में कैद हैं तो वहीं मानव जाति की हलचल कम होने के कारण जंगल के आसपास के इलाकों में जंगली जानवरों की आवाजाही बढ़ गई है। इसी कड़ी में बिजनौर के बढ़ापुर थाना क्षेत्र के साहूवाला कंपार्टमेंट नंबर-10 व 11 में लकड़ी बीनने गए एक युवक को गुलदार ने अपना निवाला बना लिया। जबकि साथ गए उसके दोस्त ने किसी तरह से भागकर अपनी जान बचाई। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने मृतक युवक की जानकारी संबंधित थाना क्षेत्र को दे दी है। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर जिला अस्पताल पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया है।
दरअसल, बढ़ापुर के गांव शाहनगर कुराली का रहने वाला हरीश चंद और सुभाष दैनिक मजदूरी करके अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं। दोनों युवक गुरुवार देर शाम घर में खाना बनाने के लिए लकड़ी लेने पास के ही जंगल साहूवाला में गए थे। बताया जा रहा है लकड़ी बीनने के दौरान हरीशचंद्र अपने दोस्त को छोड़कर खेत से सटे जंगल के पास कंपार्टमेंट नंबर-10 से 11 साहूवाला रेंज में पहुंच गया। जहां झाड़ियों के पीछे छिपे गुलदार ने अचानक हरीशचंद पर हमला कर दिया। इस हमले में हरीशचंद्र की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि दोस्त सुभाष किसी तरह जान बचाते हुए भागकर गांव पहुंचा।
गांव पहुंचते ही सुभाष ने इसकी जानकारी ग्रामीणों और वन विभाग की टीम को दी। सूचना के बाद मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम ने घटनास्थल का जायजा लिया। वन रेंजर साहूवाला वीरेंद्र रावत ने बताया कि मृतक हरीशचंद्र की इस हादसे में जहां मृत्यु हुई है। वह एरिया रिजर्व फॉरेस्ट का है। वहां पर किसी को भी जाने की अनुमति नहीं है। वहीं मुआवजे की मांग को लेकर रेंजर ने बताया कि मृतक काफी गरीब था। उनकी कोशिश रहेगी कि उनके परिवार के लोगों को मुआवजा मिल सके।