
Nokha-Bikaner Highway Road Accident: नोखा (बीकानेर): नोखा-बीकानेर नेशनल हाईवे पर रविवार तड़के एक दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया है। जहां एक निजी बस और कैंपर गाड़ी के बीच हुई आमने-सामने की भिड़ंत में एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 8 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे का शिकार हुए लोग देशनोक स्थित विश्व प्रसिद्ध श्री करणी माता मंदिर में मंगला आरती के दर्शनों के लिए जा रहे थे।
थानाधिकारी गोविंद सिंह चारण से मिली जानकारी के अनुसार, यह हादसा रविवार सुबह करीब 3 बजे भामटसर गांव के पास हुआ। निजी बस बीकानेर से जोधपुर की तरफ जा रही थी, जबकि कैंपर गाड़ी नोखा से बीकानेर की ओर आ रही थी।
भामटसर गांव के पास दोनों वाहनों में इतनी तेज भिड़ंत हुई कि कैंपर का केबिन पूरी तरह से चकनाचूर हो गया। वहीं, बस का अगला हिस्सा और टायर का भाग बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे की तेज आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर एकत्र हो गए और पुलिस को सूचना दी।
हादसे में कैंपर सवार गोपाल लखारा (30 वर्ष), निवासी नोखा की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। बताया जा रहा है कि मृतक गोपाल नोखा में ही एक ई-मित्र केंद्र का संचालन करता था। घटना में घायल अन्य 8 लोगों को तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार देने के बाद उनकी गंभीर हालत को देखते हुए पीबीएम अस्पताल, बीकानेर रेफर कर दिया गया। एक घायल को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है, जबकि बाकी 7 घायलों का इलाज पीबीएम अस्पताल में जारी है।
मिली जानकारी के मुताबिक, कैंपर में सवार सभी आठों घायल सुजानगढ़ रोड स्थित टोल प्लाजा के कर्मचारी हैं। वे सभी रविवार तड़के नोखा से देशनोक में श्री करणी माता की पवित्र मंगला आरती के दर्शन करने के लिए निकले थे, लेकिन मंदिर पहुंचने से पहले ही यह दुखद दुर्घटना हो गई।
किशोर सुथार (नोखा), लकी गुर्जर, मदनगिरी (बीकासर), कुलदीप, अनिल मीणा (दरीबा), अभिषेक (नीम का थाना), सुरजीत और ओम सिद्दी।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला और क्षतिग्रस्त वाहनों को हाईवे से हटाकर यातायात सुचारू कराया। पुलिस ने मृतक गोपाल के शव को कब्जे में लेकर मोर्चरी में रखवाया है और आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। हादसा किस वजह से हुआ, क्या चालक को झपकी आई थी या तेज रफ्तार वजह थी? फिलहाल, पुलिस इन सभी पहलुओं पर गहनता से जांच कर रही है।