
Rajasthan School Holidays : राजस्थान के शिक्षा विभाग ने शिक्षक संगठनों की मांग स्वीकार करते हुए शिविरा पंचांग में संशोधन कर दिया है। अब प्रदेश के सरकारी स्कूलों में ग्रीष्मावकाश 35 दिन की बजाय 43 दिन का होगा। साथ ही संस्था प्रधानों को पूर्व व्यवस्था के अनुसार 2 अधिकृत अवकाश स्वीकृत करने का अधिकार भी दिया गया है। यानी विद्यार्थियों और शिक्षकों को कुल 8 दिन अतिरिक्त अवकाश का लाभ मिलेगा। ढाई माह पहले जारी शिविरा पंचांग में ग्रीष्मावकाश 17 मई से 20 जून तक निर्धारित किया गया था। विरोध में शिक्षक संगठनों ने विभिन्न जिलों में प्रदर्शन किए थे।
लगातार उठ रही मांग के बाद राजस्थान के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने अवकाश अवधि बढ़ाने और अधिकृत अवकाश की संख्या पुनः बढ़ाने की घोषणा की थी। शिक्षा विभाग के शासन उप सचिव आलोक जैन ने सोमवार को संशोधित आदेश जारी किए। अब ग्रीष्मावकाश 17 मई से 28 जून तक रहेगा। इससे अवकाश अवधि 35 दिन से बढ़कर 43 दिन हो गई है।
संस्था प्रधानों को एक के बजाय 2 अधिकृत अवकाश स्वीकृत करने का अधिकार मिलेगा। यह व्यवस्था पूर्व के प्रावधानों के अनुरूप रहेगी। इस व्यवस्था से स्कूल स्तर पर प्रशासनिक कार्यों में भी कुछ लचीलापन आएगा।
धौलपुर में कर्मचारी महासंघ के जिला अध्यक्ष राजेश शर्मा ने बताया कि शिक्षा विभाग के शासन उप सचिव आलोक जैन ने सोमवार को शिविरा पंचांग में बदलाव के संशोधित आदेश जारी किया। जिसके तहत पूर्व में एचएम पॉवर अवकाश में भी की गई कटौती वापस लेकर अब शैक्षिक सत्र के दौरान संस्था प्रधान पूर्व की भांति दो दिन का अधिकृत अवकाश देने की अनुमति प्रदान की है। वहीं राजस्थान में सरकारी स्कूलों में गर्मियों की छुट्टियों में 10 दिन की कटौती की गई थी। उसमें भी राहत देते हुए इसे 43 दिवस कर 28 जून तक बढ़ाया गया है, इसलिए अब 29 जून से विद्यालय खुलेंगे।
संघ के प्रवक्ता भानु प्रताप परमार ने बताया कि संगठन की ओर से लगातार छात्र एवं शिक्षकों की गर्मी तथा एचएम पॉवर की छुट्टियों में कटौती किए जाने का विरोध किया जा रहा था। संघ के जिलाध्यक्ष हरीसिंह गुर्जर व जिलामंत्री चंद्र शेखर शर्मा ने कहा कि एक बार फिर शिक्षा विभाग को बैंक फुट पर आना पड़ा है। संस्था प्रधानों के अधिकृत अवकाश एवं ग्रीष्मावकाश में की गई कटौती आदेश में संशोधन करना पड़ा है। इससे छात्रों एवं शिक्षकों को राहत मिलेगी।