Bird Flu: सुबह मॉर्निंग वॉक पर निकले ग्रामीणों ने जब यह दृश्य देखा तो दंग रह गए। ग्रामीणों ने बताया कि आवारा कुत्ते इन मुर्गियों को नोच-नोचकर खा रहे हैं, साथ ही सड़कों पर घसीट रहे हैं।
Bird Flu: बिलासपुर में बर्ड फ्लू के कारण करीब एक सप्ताह से अंडा-चिकन का कारोबार ठप है। इस बीच अब तखतपुर क्षेत्र में भी बर्ड फ्लू का खतरा बढ़ने लगा है। रविवार की सुबह तखतपुर-नगोई नए बाईपास मार्ग पर मृत मुर्गियों से भरी बड़ी मात्रा में बोरियां मिलीं। खुले में फेंकी गई इन मुर्गियों से न केवल बदबू फैल रही है, बल्कि संक्रमण का खतरा भी तेजी से बढ़ रहा है। मुख्य मार्ग से महज आधा किलोमीटर दूर इन मृत मुर्गियों को लावारिस हालत में छोड़ दिया गया।
सुबह मॉर्निंग वॉक पर निकले ग्रामीणों ने जब यह दृश्य देखा तो दंग रह गए। ग्रामीणों ने बताया कि आवारा कुत्ते इन मुर्गियों को नोच-नोचकर खा रहे हैं, साथ ही सड़कों पर घसीट रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, यदि ये मुर्गियां बर्ड फ्लू से संक्रमित हैं तो कुत्तों और अन्य पक्षियों के जरिए वायरस रिहायशी इलाकों तक आसानी से पहुंच सकता है। इसके चलते तखतपुर के अंडा-चिकन का कारोबार करने वाले चिंतित हैं। मुर्गियों की मौत और खुले में फेंके जाने की इस घटना से मांस उपभोक्ताओं के बीच भी डर का माहौल बन गया है।
वहीं बर्ड फ्लू की पुष्टि के बावजूद रविवार को दिल्ली से भारी मात्रा में चूजों की खेप बिलासपुर रेलवे स्टेशन पहुंची। चूजों को खुले में उतारे जाने से यात्रियों और आम लोगों में हड़कंप की स्थिति बन गई। प्रशासन द्वारा मुर्गियों की बिक्री और सप्लाई पर रोक लगाए जाने के बावजूद रेलवे स्टेशन पर खुलेआम चूजों का उतरना कई सवाल खड़े करता है। इससे संक्रमण फैलने का खतरा और अधिक बढ़ गया है।
जानकारी के मुताबिक, रेलवे स्टेशन पर चूजों की खेप उतारते समय न तो कोई प्रशासनिक अधिकारी मौजूद था और न ही किसी तरह की सुरक्षा व्यवस्था नजर आई। इस लापरवाही से न केवल संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ा है, बल्कि यात्रियों की सुरक्षा भी खतरे में पड़ गई है।
थाली से गायब चिकन, बर्ड फ्लू से बिलासपुर में 2 करोड़ रोज का कारोबार ठप, नॉनवेज बाजार बंद- शासकीय कुक्कुट पालन केंद्र कोनी में बर्ड फ्लू की पुष्टि के बाद बिलासपुर जिले में नॉनवेज कारोबार पूरी तरह ठप हो गया है। प्रशासन द्वारा पोल्ट्री से जुड़े व्यापार पर सख्ती के चलते शहर के बड़े होटलों से लेकर छोटे ठेलों तक सब कुछ बंद नजर आ रहा है। हालात ऐसे हैं कि लोगों को न लेगपीस मिल रहा है, न चिकन लॉलीपॉप, और न ही बिरयानी सेंटर खुले हैं शहर के प्रमुख नॉनवेज होटल जैसे 786 समेत कई बड़े प्रतिष्ठानों में ताले लटके हुए हैं। वहीं, चौक-चौराहों पर लगने वाले चिकन-फ्राई, कबाब और अंडा-ऑमलेट के ठेले भी पूरी तरह बंद हैं… पूरी खबर पढ़े