उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले स्थित राजकीय मेडिकल कॉलेज में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। 4 दिसंबर को दहगवां सीएचसी से रेफर किए गए टीबी मरीज सुभाष ने मेडिकल कॉलेज की चौथी मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर ली।
मरीज के पिता का आरोप है कि टीबी रोग से पीड़ित बेटे को उन्होंने 3 दिसंबर को भर्ती कराया था। दर्द से परेशान और दवाइयां ना मिलने के चलते मरीज ने सुसाइड कर लिया।
संभल जिले के हथियावली गांव के रहने वाले सुभाष को सांस फूलने और खांसी की गंभीर समस्या के चलते बदायूं मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था। आरोप है कि इलाज के दौरान स्टाफ ने लापरवाही बरती और समय पर दवा नहीं दी। इससे सुभाष पूरी रात तड़पता रहा। लापरवाही और दर्द से परेशान होकर उसने चौथी मंजिल से कूदकर अपनी जान दे दी।
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अरुण कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सुभाष के मानसिक तनाव और सदमे में होने की बात सामने आई है। उन्होंने कहा कि घटना की विस्तृत जांच के आदेश दे दिए गए हैं और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की जाएगी।