किसानों की मांग पर गेहूं की फसल को पानी दिया जाने और टेल क्षेत्र के अंतिम छोर तक पानी पहुंचाए जाने के लिए सीएडी प्रशासन द्वारा के. पाटन मुख्य ब्रांच में जल स्तर बढ़ाया गया है।
कापरेन. किसानों की मांग पर गेहूं की फसल को पानी दिया जाने और टेल क्षेत्र के अंतिम छोर तक पानी पहुंचाए जाने के लिए सीएडी प्रशासन द्वारा के. पाटन मुख्य ब्रांच में जल स्तर बढ़ाया गया है।
जल स्तर बढऩे से मुख्य ब्रांच में क्षमता से अधिक जल प्रवाह हो रहा है जिसके चलते नहर कई जगहों पर छलक रही है। मुख्य नहर में ओवरफ्लो होने से पक्की होने के बावजूद अड़ीला में नहर का पानी छलक कर खेतों की ओर जाने वाले आम रास्ते मे भर गया है। जिससे किसानों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। किसान शंकर लाल मीणा, नंद लाल, ओम प्रकाश, चेतन आदि ने बताया कि नहर में क्षमता से अधिक पानी की आवक हो रही है। वही पानी के साथ खरपतवार हरी कांजी बहकर आने से पानी का बहाव कम है।
अधिक आवक से सगसजी की बावड़ी के आम रास्ते पर नहर में पक्की दीवार के ऊपर से पानी छलक रहा है और आम रास्ते मे पानी भर जाने से कीचड़ हो गया है। रास्ते में पानी भरने और कीचड़ होने से किसानों के वाहन नही निकल पा रहे हैं। ग्रामीण शंकर लाल ने बताया कि नहर में ओवरफ्लो होने पर सीएडी अधिकारियों को जानकारी देकर जल स्तर कम करवाने की मांग की गई है।
उधर सीएडी के सहायक अभियंता तनय कुमार ने बताया कि नीचे पानी की मांग बढऩे से जल स्तर बढ़ाया गया है। वही अड़ीला से ऊपर अनन्तपुरा डिस्ट्रिब्यूटरी पर खरपतवार भर जाने से पानी आगे नहीं बढऩे और ओवरफ्लो होने की समस्या हो रही थी। जिसे देखते हुए अनन्तपुरा डिस्ट्रब्यूटरी पर पानी बन्द कर सफाई करवाई जा रही है। जिससे भी मुख्य नहर में जल स्तर बढ़ गया था।
किसानों द्वारा ओवरफ्लो की समस्या से अवगत कराया जाने के तुरंत बाद ही मुख्य नहर में जल स्तर कम किया गया है। धीर धीरे जल स्तर कम हो रहा है। शाम को ओवरफ्लो बन्द हो गया है।