कोरोना के मामले बढ़ने पर जिला प्रशासन ने एमपी और महाराष्ट्र की बॉर्डर सील की, RT-PCR टेस्ट निगेटिव आने पर ही मिल रही एंट्री, टेस्टिंग व्यवस्था पर मचा बवाल।
बुरहानपुर. मध्य प्रदेश में तेजी से बढ़ रहे कोरोना के मामलों को देखते हुए एक बार फिर महाराष्ट्र से सटी मध्य प्रदेश की सरहदों को सील करने कीकवायद शुरु हो गई है। इसी तर्ज पर मध्य प्रदेश के बुरहानपुर जिले में तेजी से बढ़ रहे कोरोना के मामलों को देखते हुए जिला प्रशासन ने महाराष्ट्र की प्रवेश सीमा को सील कर दिया है। इसी के तहत महाराष्ट्र से आने वाले हर व्यक्ति की RT-PCR रिपोर्ट नेगेटिव आने पर ही उन्हें जिले के मार्ग से राज्य में प्रवेश दिया जा रहा है।
जिला प्रशासन द्वारा निजी वाहनों में सवार होकर आ रहे हर व्यक्ति की जांच करने की व्यवस्था तो कर ली है। लेकिन, बसों में आने वाले यात्रियों RT-PCR जांच नहीं हो रही है, जिसके चलते इन्हें राज्य में प्रवेश नहीं दिया जा रहा। इससे नाराज मिनी बस, टेम्पो और मैजिक संचालकों में नाराजगी देखी जा रही है। इन लोगों ने सड़क पर जाम लगाकर जिला प्रशासन के खिलाफ विरोध भी किया है। मामले की सूचना लगते ही पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंच गए और उन्होंने टाटा मैजिक संचालको को समझाइश देकर मामला शांत करा दिया। लेकिन, प्रशासन द्वारा जल्द ही इसकी पर्याप्त व्यवस्था न की गई तो बढ़ते संक्रमण के बीच टाटा मैजिक संचालकों में भी विरोध के सुर बढ़ सकते हैं।
आमजन में भी नाराजगी
वहीं, प्रशासन की इस व्यवस्था से आम लोगों में भी नाराजगी है। आमजन ने प्रशासनिक अधिकारियों से सवाल किया कि, बस में आने वाले यात्रियों का RT-PCR टेस्ट क्यों नहीं किया जा रहा। अगर टेस्ट होता रहे तो वो भी अपने जरूरी काम निपटाते रहें।
दूसरी लहर के मुकाबले तीन गुना तेजी से फैल रहा है संक्रमण
बता दें कि, मध्य प्रदेश में एक बार फिर कोरोना संक्रमण की रफ्तार तेजी से बढ़ रही है। जानकारों का मानना है कि, ये कोरोना की दूसरी लहर के मुकाबले तीन गुना ज्यादा तेजी से फैल रहा है। दूसरी लहर में प्रदेश में कोरोना के केस करीब-करीब 14 दिनों में दोगुने दिखाई दे रहे थे, लेकिन तीसरी लहर में ये सिर्फ 3 दिन में ही दोगुना हो रहे हैं जो बड़ी चिंता का विषय है।
नशे के खिलाफ दीवार बनकर खड़ा सेना अधिकारी - देखें Video