
Adani Power Share Price 22nd July 2026: अडानी पावर ने जून तिमाही में उम्मीद से बेहतर परफॉर्म किया है। कंपनी का मुनाफा और आय दोनों में मजबूत बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इसके साथ ही कंपनी ने भविष्य की विस्तार योजनाओं को रफ्तार देने के लिए 15,000 करोड़ रुपये तक जुटाने का फैसला भी किया है। हालांकि, अच्छे नतीजों के बावजूद शेयर लाल निशान पर बंद हुआ है। अडानी पावर का शेयर आज बीएसई पर 1.36 फीसदी या 3 रुपये की गिरावट के साथ 217.30 रुपये पर बंद हुआ है।
वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में अडानी पावर का शुद्ध लाभ बढ़कर 4,806 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी ने 3,385 करोड़ रुपये का मुनाफा कमाया था। यानी साल दर साल आधार पर कंपनी का मुनाफा करीब 42 फीसदी बढ़ा है। वहीं, कंपनी की परिचालन आय भी मजबूत रही। जून तिमाही में रेवेन्यू 34 फीसदी बढ़कर 18,902 करोड़ रुपये रहा। जबकि एक साल पहले यह 14,109 करोड़ रुपये था।
कंपनी ने एक एक्सचेंज फाइलिंग में बताया कि उसका consolidated continuing EBITDA 21.6 फीसदी बढ़कर 6,983 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। यह कंपनी के इतिहास का सबसे ज्यादा तिमाही EBITDA है। महंगे फ्यूल के बावजूद परिचालन से मजबूत कमाई यह दिखाती है कि कंपनी का मुख्य कारोबार अच्छी रफ्तार से बढ़ रहा है।
इसके अलावा कंपनी ने पहली तिमाही में 1,386.34 करोड़ रुपये की एकमुश्त आय भी दर्ज की। यह रकम कुछ बिजली खरीद समझौतों (PPA) के तहत पुराने ऊर्जा शुल्क में संशोधन के कारण मिली है। पिछले साल इसी अवधि में यह आंकड़ा 406.21 करोड़ रुपये था।
बिजली उत्पादन बढ़ने और आयातित कोयले की लागत बढ़ने से कंपनी का ईंधन खर्च भी बढ़ा है। जून तिमाही में फ्यूल कॉस्ट 30.15 फीसदी बढ़कर 9,512.70 करोड़ रुपये हो गया, जो पिछले साल की समान तिमाही में 7,309.19 करोड़ रुपये था। उत्पादन क्षमता बढ़ने के साथ परिचालन खर्च में भी इजाफा हुआ है।
कंपनी के बोर्ड ने Qualified Institutions Placement (QIP) या अन्य योग्य सिक्योरिटीज जारी करके 15,000 करोड़ रुपये तक जुटाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। हालांकि, इसके लिए नियामकीय और शेयरधारकों की मंजूरी मिलना बाकी है।
अडानी पावर ने कहा कि वह 45 गीगावाट बिजली उत्पादन क्षमता के टार्गेट की ओर तेजी से बढ़ रही है। मजबूत कैश फ्लो की मदद से विस्तार योजनाओं पर लगातार काम चल रहा है। कंपनी का कहना है कि अगर जयप्रकाश एसोसिएट्स के पावर एसेट्स का अधिग्रहण पूरा होता है तो उसका पोर्टफोलियो और मजबूत होगा। इसके अलावा कंपनी देश और विदेश में जलविद्युत परियोजनाओं पर भी काम कर रही है। भविष्य में न्यूक्लियर पावर सेक्टर के अवसरों पर भी नजर रखी जा रही है।
बुधवार को बीएसई पर अडानी पावर का शेयर 220.70 रुपये पर खुला था। यह 1.36 फीसदी या 3 रुपये की गिरावट के साथ 217.30 रुपये पर बंद हुआ है। एसबीआई सिक्योरिटीज के टेक्निकल और डेरिवेटिव रिसर्च प्रमुख सुदीप शाह के मुताबिक, जून की शुरुआत से यह शेयर 212 रुपये से 236 रुपये के दायरे में घूम रहा है। अभी तक इसमें कोई साफ ट्रेंड नहीं बना है। उनका कहना है कि 20 और 50 दिन के एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज (EMA) लगभग सपाट हो गए हैं, जिससे छोटी अवधि की तेजी कमजोर पड़ती दिख रही है। ADX भी कमजोर ट्रेंड का संकेत दे रहा है, जबकि MACD अभी भी जीरो लाइन के नीचे बना हुआ है। सुदीप शाह का मानना है कि 236 रुपये के ऊपर मजबूत ब्रेकआउट या 212 रुपये के नीचे गिरावट ही शेयर की अगली बड़ी दिशा तय करेगी।
(डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल सिर्फ जानकारी मात्र है। यह निवेश की सलाह नहीं है। शेयर मार्केट/म्यूचुअल फंड में निवेश जोखिम भरा होता है। कहीं भी पैसा लगाने से पहले अपने निवेश सलाहकार से परामर्श लें।)