Gas Cylinder Price Hike News: कमर्शियल सिलेंडर के दाम बढ़ गए हैं। इस खबर से यही लगता है कि बढ़े हुए दाम का बोझ केवल इसे इस्तेमाल करने वाले ही उठाएंगे, लेकिन ऐसा नहीं है। इसका कुछ न कुछ असर सब पर पड़ेगा।
Commercial LPG Cylinder Price Hike Impact: नए साल के पहले ही दिन महंगाई को लेकर बड़ी खबर सामने आई। कमर्शियल सिलेंडर के दाम सीधे 111 रुपए बढ़ गए। घरेलू सिलेंडर की कीमतों में फिलहाल कोई बदलाव नहीं हुआ है। 19 किलो वाला कमर्शियल सिलेंडर होटल आदि में इस्तेमाल होता है। यानी बढ़ी हुई कीमतों का बोझ वही उठाएंगे। उन्हें अब पहले से ज्यादा पैसे देंगे होंगे। लेकिन उनके बढ़े हुए बोझ का आपकी की जेब से भी सीधा कनेक्शन है। ऐसे में आपकी जेब भी कुछ न कुछ हल्की होगी।
ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने 1 जनवरी से कमर्शियल सिलेंडर की कीमतों में 100 रुपए से अधिक का इजाफा किया है। दिल्ली में अब इसके लिए 1691.50 रुपए चुकाने होंगे, जबकि पहले इसका भाव 1580.50 रुपए था। सिलेंडर कई महीनों तक चलने वाली चीज तो है नहीं। एक सामान्य घर में ही महीने में दो गैस सिलेंडर लग जाते हैं। रेस्टोरेंट-होटल आदि में इनकी खपत काफी ज्यादा होती है। ऐसे में बढ़ी हुई कीमतों से उनका खर्चा भी तेजी से बढ़ेगा। तो क्या वह बढ़ी लागत का पूरा बोझ खुद उठाने जैसी दरियादिली दिखाएंगे?
कमर्शियल सिलेंडर महंगा होने का मतलब है - चाय से लेकर पकौड़े-समोसे तक सबकी कीमतों में इजाफे की आशंका। किसी जमाने में 5 रुपए में मिलने वाली चाय आज 10 से 20 रुपए में मिल रही है। इसमें कोई शक नहीं है कि दूध-चीनी और चाय पत्ती के दाम भी बढ़े हैं, लेकिन इसमें सिलेंडर की कीमतों के हवाई रफ्तार से चढ़ने ने प्रमुख भूमिका निभाई है। चाय की छोटी सी दुकान से लेकर बड़े होटलों तक में कमर्शियल गैस सिलेंडर इस्तेमाल होता है। जब भी इसके दाम बढ़ते हैं, बाहर खाने-पाने का सामान भी महंगा हो जाता है। एक बार दाम बढ़ गए तो फिर उनके नीचे आने की संभावना न के बराबर हो जाती है।
आने वाले दिनों में बाहर खाना-पीना महंगा हो सकता है। चाय पर चर्चा के लिए भी ज्यादा जेब ढीली करनी पड़ सकती है। कैटरिंग सर्विस के लिए पहले से अधिक दाम देने पड़ सकते हैं। ऐसे में कमर्शियल सिलेंडर के दाम में इजाफे का असर केवल इसका इस्तेमाल करने वालों तक ही सीमित नहीं रहेगा। सभी लोग किसी न किसी तरह से उसकी जद में आएंगे। अच्छी बात यह है कि 14 किलो वाले घरेलू सिलेंडर के दाम में कोई वृद्धि नहीं हुई है। अन्यथा घर में पकाना और बाहर खाना दोनों महंगा हो जाता।
वहीं, विमान ईंधन की कीमतों में कमी हुई है। मिंट की रिपोर्ट के अनुसार, राजधानी दिल्ली में एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) के दाम करीब 7.38% घटकर 92,323 रुपए प्रति किलोलीटर हो गए हैं। दिसंबर, 2025 में इसकी कीमत 5.43% बढ़ी थी। कोलकाता में इसके नए दाम 95,378 रुपए प्रति किलोलीटर और मुंबई में 86,352 रुपए प्रति किलोलीटर हैं। चेन्नई में विमान ईंधन की कीमत अब 95,770 रुपए कर दी गई है। विमान कंपनियों के खर्चे में ईंधन का सबसे बड़ा हिस्सा होता है। उनके कुल व्यय का 35 से 40% ईंधन पर खर्च होता है। ऐसे में उनके लिए यह राहत की खबर है। यहां एक सवाल यह भी है कि क्या विमान कंपनियां इसका कुछ फायदा यात्रियों को देंगी? कहने का मतलब है कि फ्लाइट टिकट में कोई कमी देखने को मिलेगी।