
Income Tax Return Benefits: इनकम टैक्स डिपार्टेमेंट ने ITR फाइलिंग ओपन कर दी है। ज्यादातर ITR फाइल करने वाले टैक्सपेयर्स इसे सिर्फ कानूनी जिम्मेदारी मानकर भरते हैं। चाहे नौकरीपेशा हों, फ्रीलांसर हों, कारोबारी हों या रिटायर्ड, ITR भरने से आपके कई जरूरी काम आसान हो जाते हैं। साथ ही यह एक बहुत ही जरूरी वित्तीय दस्तावेज है जिसके बहुत सारे फायदे होते हैं। लेकिन क्या टैक्स न बनने पर भी आईटीआर भरनी चाहिए? जी हां, इसके कई सारे फायदे हैं। भले ही आपकी कोई टैक्स देनदारी न हों, लेकिन आईटीआर भरने से आपको कई बेनिफिट्स मिल सकते हैं।
टैक्सटूवीन (Tax2win) के सीईओ और को-फाउंडर चार्टर्ड अकाउंटेंट अभिषेक सोनी के अनुसार ITR का मकसद सिर्फ टैक्स चुकाने तक सीमित नहीं है। यह आपके उधार चुकाने की क्षमता (क्रेडिट वर्थनेस), इनकम प्रूफ और फाइनेंशियल प्लानिंग का एक मजबूत आधार है। आइए जानते हैं कि आईटीआर भरने के क्या-क्या फायदे हैं।
होम लोन, पर्सनल लोन या बिजनेस लोन के लिए अप्लाई करते वक्त बैंक और फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशंस सबसे पहले आपसे इनकम प्रूफ मांगते हैं। अगर आप इनकम प्रूफ के साथ आईटीआर की कॉपी भी देते हैं, तो कर्जदाता पूरी तरह आश्वस्त हो सकता है। इस तरह आपकी ITR लोन मिलने में काफी मदद करती है। अभिषेक सोनी के मुताबिक, ITR से बैंक आपकी इनकम और लोन चुकाने की क्षमता का सीधा आकलन करते हैं। समय पर भरी गई ITR से पता चलता है कि आप वित्तीय जिम्मेदारी को सही से निभाते हैं, जिससे लोन अप्रूवल के चांस बढ़ जाते हैं।
अगर आपकी सैलरी या अन्य आय से TDS काटा गया है तो उसे वापस पाने का एकमात्र रास्ता ITR फाइल करना है। बिना ITR भरे आप यह अतिरिक्त कटौती वापस नहीं पा सकते। यह फायदा सैलरीड और फ्रीलांसर दोनों के लिए अहम है।
फ्रीलांसर, सेल्फ-एम्प्लॉयड और बिजनेस ओनर्स के पास अक्सर सैलरी स्लिप नहीं होती। ऐसे में ITR उनके लिए इनकम प्रूफ का काम करती है। यह दस्तावेज पूरे साल की कमाई और चुकाए गए टैक्स का पूरा ब्योरा देता है, जिसे बैंक, इंश्योरेंस कंपनियां और सरकारी दफ्तर सभी मान्यता देते हैं।
अगर शेयर बाजार, म्यूचुअल फंड, प्रॉपर्टी या किसी कारोबार में नुकसान हुआ है तो समय पर ITR भरकर उसे कैरी फॉर्वर्ड किया जा सकता है। इन नुकसानों को आगे के मुनाफे के साथ एडजस्ट किया जा सकता है, जिससे भविष्य में टैक्स देनदारी कम होती है।
विदेश यात्रा के लिए वीजा आवेदन करते वक्त कई देशों के दूतावास ITR मांगते हैं। एक ITR फाइल एम्बेसी को यह भरोसा दिलाती है कि आवेदक की वित्तीय स्थिति ठीक है। यह दस्तावेज यह साबित करता है कि आपकी आय का एक नियमित और स्थिर स्रोत है।