
Gambling Addiction- मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के हरपालपुर थाना क्षेत्र के परेथा गांव में रविवार को हुई 16 वर्षीय किशोर की आत्महत्या के मामले ने एक नया मोड़ ले लिया है। मां द्वारा ताश खेलने से रोकने और डांटने के बाद किशोर द्वारा फांसी लगाने की इस दुखद घटना की जांच में जुटी पुलिस को किशोर के मोबाइल फोन से कई चौंकाने वाली जानकारियां मिली हैं।
थाना प्रभारी आर.एस. सिकरवार ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि 16 वर्षीय रामसनेही राजपूत रविवार को गांव में बरगद के पेड़ के नीचे कुछ युवकों के साथ ताश खेल रहा था। इसी दौरान उसकी मां ने उसे देख लिया। मां ने उसे मौके पर ही पकड़कर कान और कॉलर खींचा और घर ले आई। घर पहुंचकर मां ने उसे ताश खेलने के लिए फटकार लगाई और अनुशासन में रहने की हिदायत देते हुए खाना खाने के लिए कहा।
परिजनों के अनुसार, खाना खाने के महज 15 मिनट बाद ही किशोर घर के पिछले हिस्से में बने कमरे में चला गया। वहां उसने रस्सी का फंदा बनाया और अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। कुछ देर बाद जब कमरे से कोई आवाज नहीं आई, तो मां अंदर पहुंची। अपने बेटे को फंदे पर लटका देख मां के होश उड़ गए। उसने आनन-फानन में रस्सी काटकर बेटे को नीचे उतारा, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी और किशोर अचेत हो चुका था। परिजन उसे बचाने की कोशिश करते, उससे पहले ही उसने दम तोड़ दिया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने किशोर के मोबाइल फोन की बारीकी से जांच की। जांच के दौरान पुलिस को मोबाइल में कुल 22 गेम मिले। इनमें से कुछ गेम ऑनलाइन जुए और बेटिंग (सट्टेबाजी) से जुड़े हुए पाए गए हैं। इन सबूतों के मिलने के बाद पुलिस को संदेह है कि किशोर लंबे समय से इन बेटिंग गेम का आदी हो सकता है, जो संभवतः उसकी मानसिक स्थिति और इस आत्मघाती कदम के पीछे का एक कारण हो सकता है।
पुलिस ने घटना के बाद शव का पोस्टमार्टम कराकर मर्ग कायम कर लिया है। थाना प्रभारी का कहना है कि मोबाइल में मिले गेम और बेटिंग के लिंक मामले को एक नई दिशा दे रहे हैं, लेकिन आत्महत्या का वास्तविक और सटीक कारण जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। पुलिस अभी अन्य पहलुओं पर भी गौर कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि किशोर के इस कदम के पीछे कोई और दबाव तो नहीं था। फिलहाल प्रशासन और पुलिस पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रही है।