चूरू

Rajasthan News: पंचायत चुनाव ड्यूटी में लगे हेड कॉन्स्टेबल को आया हार्ट अटैक, अस्पताल में तोड़ा दम; खाना खाते ही बिगड़ी थी तबीयत

पंचायतीराज चुनाव के दौरान ड्यूटी पर तैनात एक हेड कॉन्स्टेबल की हार्ट अटैक से मौत हो गई। घटना सोमवार रात राजगढ़ पंचायत समिति के ढंढाल लेखु गांव की है।
2 min read
• •
Updated: 3 Nov 2026, 9:17 AM IST
Head Constable Bhanwarlal Kuladiya passed away
हेड कॉन्स्टेबल भंवरलाल कुलड़िया। फोटो: पत्रिका

चूरू। पंचायतीराज चुनाव के दौरान ड्यूटी पर तैनात एक हेड कॉन्स्टेबल की हार्ट अटैक से मौत हो गई। घटना सोमवार रात राजगढ़ पंचायत समिति के ढंढाल लेखु गांव की है। यहां चुनावी ड्यूटी कर रहे हेड कॉन्स्टेबल भंवरलाल कुलड़िया की अचानक तबीयत बिगड़ गई। पुलिसकर्मी उन्हें तत्काल राजगढ़ के सरकारी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

जानकारी के अनुसार तारानगर तहसील के देवगढ़ गांव निवासी भंवरलाल कुलड़िया राजगढ़ थाने में ट्रैफिक पुलिस इंचार्ज के पद पर कार्यरत थे। पंचायत चुनाव के मद्देनजर उनकी ड्यूटी राजगढ़ पंचायत समिति के ढंढाल लेखु गांव में लगाई गई थी। वे सोमवार रात चुनाव ड्यूटी पर तैनात थे। बताया जा रहा है कि रात को खाना खाने के दौरान अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। उन्हें घबराहट महसूस हुई और कुछ ही देर में उनकी हालत गंभीर हो गई।

मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने उन्हें तत्काल राजगढ़ के सरकारी अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों की मानें तो हार्ट अटैक के चलते हेड कॉन्स्टेबल भंवरलाल कुलड़िया की जान चली गई। भंवरलाल कुलड़िया की मौत की सूचना से पुलिस महकमे में शोक की लहर दौड़ गई। राजगढ़ थाने के पुलिसकर्मियों सहित चूरू जिले के पुलिस विभाग में उनके निधन से दुख का माहौल है। पुलिस ने शव को राजगढ़ अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया है। पुलिस के मुताबिक आज शव परिजनों को सुपुर्द किया जाएगा।

दौसा में भी कर्मचारी की मौत

इससे पहले सोमवार दोहपर पंचायत चुनाव की तैयारियों के बीच चुनाव ड्यूटी में लगे नगर परिषद लालसोट के एक कर्मचारी की सांसे थम गई। जमादार मोहन नक्कवाल (58) निवासी डिडवाना की चुनाव में ड्यूटी लगाई गई थी। राजकीय पीजी कॉलेज दौसा में ड्यूटी के दौरान दोपहर बाद अचानक उसके सीने में तेज दर्द होने लगा। मौके पर मौजूद लोगों ने उसे तत्काल राजकीय रामकरण जोशी चिकित्सालय पहुंचाया। वहां चिकित्सकों ने उसे सीपीआर दी और आवश्यक उपचार किया। इसके बाद बेहतर उपचार के लिए जयपुर रैफर कर दिया गया। जहां रास्ते में उसने दम तोड़ दिया। उसके दो बेटे व एक बेटी है। परिजनों ने सरकारी सहायता दिलाने की मांग की है। उसकी करीब दो साल की ड्यूटी शेष थी।

Updated on:
3 Nov 2026, 9:17 AM IST
Published on: