Angkrish Raghuvanshi obstructing the field: कोलकाता नाइट राइडर्स और लखनऊ सुपर जायंट्स के बीच इकाना स्टेडियम (लखनऊ) में हुए मैच में अंगकृष रघुवंशी के 'ऑब्स्ट्रक्टिंग द फील्ड' आउट होने पर बड़ा खुलासा हुआ है। MCC ने अंपायर के फैसले पर मुहर लगा दी है, लेकिन रघुवंशी के गुस्से ने उन्हें और मुश्किल में डाल दिया है।
Angkrish Raghuvanshi Controversial Out: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 में हाल ही में कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) और लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) के बीच हुए मैच में अंगकृष रघुवंशी के विकेट को लेकर काफी विवाद हुआ था। अंगकृष रघुवंशी को 'ऑब्स्ट्रक्टिंग द फील्ड' (मैदान में बाधा डालना) के लिए आउट दिया गया था, जिस पर अब क्रिकेट के नियम बनाने वाली संस्था MCC ने अपनी सफाई दी है।
अंगकृष रघुवंशी एक रन के लिए दौड़े लेकिन पार्टनर कैमरून ग्रीन ने उन्हें बीच में ही वापस भेज दिया। रघुवंशी पिच की एक साइड से दौड़े थे, लेकिन वापस लौटते वक्त उन्होंने अपनी दिशा बदली और दूसरी साइड से क्रीज में घुसने की कोशिश की। इसी दौरान फील्डर का थ्रो सीधे उनके शरीर पर लगा। थर्ड अंपायर ने उन्हें नियम 37 के तहत आउट करार दिया।
MCC ने अंपायर के फैसले को सही बताया है। नियम कहता है कि अगर बल्लेबाज जानबूझकर फील्डिंग टीम को परेशान करने या बाधा डालने के लिए अपनी दिशा बदलता है, तो उसे आउट माना जाएगा। KKR के रघुवंशी ने दौड़ते समय पिच को क्रॉस किया और सीधे गेंद और स्टंप के बीच में आ गए, जिसे जानबूझकर किया गया कृत्य माना गया।
कई लोगों का कहना था कि अगर गेंद स्टंप्स पर लगती तो भी रघुवंशी क्रीज के अंदर पहुंच चुके होते। लेकिन MCC ने साफ कर दिया कि इस नियम में यह मायने नहीं रखता कि बल्लेबाज सुरक्षित था या नहीं। अगर आपने जानबूझकर गेंद का रास्ता रोका है, तो आप आउट हैं।
आउट होने के बाद रघुवंशी अपना आपा खो बैठे। उन्होंने बाउंड्री कुशन पर बल्ला मारा और अपना हेलमेट फेंक दिया। इस बर्ताव के लिए IPL ने उन पर मैच फीस का 20% जुर्माना लगाया है और एक डिमेरिट पॉइंट भी दिया है।