
Lalit Modi on LSG Owner Sanjiv Goenka: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के पूर्व चेयरमैन ललित मोदी लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) के मालिक संजीव गोयनका पर निशाना साधने का कोई भी मौका हाथ से नहीं जाने देते। लेकिन इस बार ललित मोदी ने सारी हदें पार करते हुए संजीव गोयनका की जमकर क्लास लगा दी है। एक हालिया इंटरव्यू में उन्होंने संजीव गोयनका को आईपीएल इतिहास का 'सबसे घटिया फ्रेंचाइजी मालिक' बताया और साफ-साफ कह दिया कि 'गोयनका तो अब खुद एक मजाक बनकर रह गए हैं!'
'ह्यूमन्स ऑफ बॉम्बे' के पॉडकास्ट में बात करते हुए ललित मोदी का गुस्सा सातवें आसमान पर था। उन्होंने कड़े शब्दों में कहा, 'गोयनका को आईपीएल फ्रेंचाइजी का मालिक होने का कोई हक नहीं है। वह सिर्फ नफा-नुकसान (प्रॉफिट एंड लॉस) देखने वाले लाला हैं। उन्हें सिर्फ अपने बिजली के बिजनेस और सारेगामा म्यूजिक तक ही सीमित रहना चाहिए।' ललित मोदी ने आरोप लगाया कि गोयनका के खराब बर्ताव की वजह से आईपीएल की रेटिंग्स गिर रही हैं और लखनऊ (LSG) सबसे खराब प्रदर्शन करने वाली टीम बन गई है।
ललित मोदी यहीं नहीं रुके, उन्होंने संजीव गोयनका को सोशल मीडिया का मीम किंग घोषित कर दिया। मोदी ने मजाकिया लहजे में दावा किया कि उनके एक सोर्स ने बताया है कि गोयनका को खुद पर बन रहे मीम्स देखने में बड़ा मजा आ रहा है। इसी बात पर तंज कसते हुए ललित मोदी ने सोशल मीडिया यूजर्स के लिए एक धमाकेदार कॉन्टेस्ट का ऐलान कर दिया। उन्होंने ओपन चैलेंज दिया कि जो कोई भी संजीव गोयनका पर सबसे ज्यादा देखा जाने वाला (मोस्ट-व्यूड) मीम बनाएगा, वह उसे इनाम में लाखों रुपये की 'रोलेक्स' (Rolex) घड़ी गिफ्ट करेंगे।
ललित मोदी के इस भड़ास के पीछे संजीव गोयनका का वो पुराना बर्ताव है, जो उन्होंने लाइव मैच के बाद मैदान पर टीम के पूर्व कप्तान ऋषभ पंत के साथ किया था। दोनों के बीच हुई तीखी बहस का वीडियो खूब वायरल हुआ था। हाल ही में जब 29 मई को लखनऊ की टीम ने आधिकारिक तौर पर ऐलान किया कि ऋषभ पंत कप्तानी छोड़ रहे हैं, तो ललित मोदी का पारा चढ़ गया। उन्होंने कहा कि गोयनका ने पंत को लंबे समय तक सपोर्ट करने के अपने वादे को तोड़ दिया और एक खिलाड़ी की सरेआम बेइज्जती की।
इस पूरे विवाद के बहाने ललित मोदी ने आईपीएल में खिलाड़ियों की सुरक्षा और उनके मानसिक स्वास्थ्य को लेकर सीधे बीसीसीआई (BCCI) के सामने कुछ बड़ी मांगें रख दी हैं। उन्होंने कहा कि ऑक्शन में बिकने के बाद खिलाड़ियों के पास टीम बदलने का कोई रास्ता नहीं होता, भले ही मालिक उनके साथ कितना भी टॉक्सिक और खराब बर्ताव क्यों न करें।
ललित मोदी ने कड़े रिफॉर्म्स की मांग करते हुए कहा कि टीम मालिकों के ऑक्शन टेबल पर बैठने, खिलाड़ियों के ड्रेसिंग रूम में जाने और मैच के दौरान मैदान पर आकर कप्तानों से बहस करने पर पूरी तरह से बैन लगना चाहिए।