Sarfaraz Khan Latest News: सरफराज खान ने एक बार फिर धमाकेदार शतकीय पारी खेलकर ये साबित कर दिया है कि वह हर फॉर्मेट के शानदार खिलाड़ी हैं। लेकिन, गोवा के खिलाफ 75 गेंदों पर 157 रन की पारी खेलने के बावजूद उन्हें एक बात का मलाल रह गया है।
Sarfaraz Khan Latest News: सरफराज खान लंबे समय से घरेलू क्रिकेट शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद टीम इंडिया में वापसी नहीं कर पा रहे हैं। विजय हजारे ट्रॉफी में उन्होंने एक बार फिर शानदार पारी खेलकर सेलेक्टर्स का ध्यान खींचा है। गोवा के खिलाफ बुधवार को सरफराज ने जयपुर के जयपुरिया विद्यालय ग्राउंड में सिर्फ 75 गेंदों पर 157 रनों की तूफानी पारी खेलकर मुंबई को 87 रनों से जीत दिलाई। यह मुंबई की लगातार चौथी जीत है, जिसने मुंबई को विजय हजारे ट्रॉफी एलीट ग्रुप-सी टेबल में टॉप पर बनाए रखा और गोवा की लगातार तीन मैचों की जीत के सिलसिला खत्म कर दिया।
मैच के दौरान सभी क्रिकेट फैंस की नजरें यशस्वी जायसवाल पर थीं, लेकिन वाहवाही सरफराज खान लूट ले गए। उनकी जबरदस्त हिटिंग की बदौलत मुंबई ने 444/8 का विशाल स्कोर बनाया, एक ऐसा टोटल जिसने इंटरवल तक ही मैच का नतीजा तय कर दिया। गोवा ने कड़ी टक्कर दी और 350 का आंकड़ा पार किया, लेकिन अभिनव तेजराना के 100 रन के बावजूद लक्ष्य हमेशा बहुत दूर था।
गंभीर गैस्ट्रोएंटेराइटिस से ठीक होकर लौटे यशस्वी जायसवाल ने 46 रन बनाए, लेकिन तेजी से रन बनाने की कोशिश में आउट हो गए। इसके बाद सरफराज के छोटे भाई मुशीर खान ने 60 रनों की शानदार पारी खेलकर पारी को संभाला, स्कोरबोर्ड को आगे बढ़ाया और बड़े स्कोर के लिए मंच तैयार किया। फिर सरफराज ने कमान संभाली और खेल को हाइलाइट्स रील में बदल दिया। नंबर 4 पर बल्लेबाजी करते हुए उन्होंने 9 चौके और 14 छक्के लगाए और सिर्फ 56 गेंदों में अपना शतक पूरा किया।
सरफराज खान ने इस तूफानी पारी के बाद टीओआई से बातचीत में कहा कि जब मैं क्रीज पर आया तो रन रेट बहुत ज्यादा नहीं था। हालांकि दोनों ओपनर्स ने पहले मुश्किल घंटे को निकाल दिया था। सुबह के समय हमेशा मुश्किल होती है, जब गेंद थोड़ा हरकत करती है। मैंने पहले खुद को सेट किया और फिर जैसे-जैसे पिच आसान होती गई, मैंने अटैक किया। प्लान था कि ज्यादा से ज्यादा रन बनाए जाएं और एक मजबूत टारगेट सेट किया जाए।
उन्होंने यह भी बताया कि कैसे प्लेटफॉर्म ने उन्हें धमाका करने में मदद की। सरफराज ने कहा कि जब मैं आया, तब मुशीर बहुत अच्छा खेल रहा था। वह पचास रन बनाने वाला पहला खिलाड़ी था। मैंने बहुत सारे वनडे मैच खेले हैं और मुझे पता है कि पारी को कैसे आगे बढ़ाना है? मेरे पास अच्छा स्वीप और कट शॉट है और इस फॉर्मेट में आप पांच से ज्यादा फील्डर बाहर नहीं रख सकते। इससे मुझे अपने शॉट खेलने की आजादी मिलती है।
इस शानदार पारी के बावजूद सरफराज ने माना कि उन्हें एक बात का अफसोस है। उन्होंने कहा कि हमारा एक ही सपना है कि हम एक ही मैच में शतक बनाएं। हम इस सीजन में रणजी ट्रॉफी में और पिछले हफ्ते भी इसके करीब थे, लेकिन हम दोनों पचास रन बनाकर आउट हो गए। मुशीर बहुत अच्छी बैटिंग कर रहा था और मुझे लगा कि हम ऐसा कर सकते हैं। लेकिन, सपने इतनी जल्दी सच नहीं होते।