विजय हजारे ट्रॉफी में सोमवार को झारखंड ने महाराष्ट्र को मात देते हुए सेमीफाइनल का टिकट कटा लिया है। झारखंड की जीत में अनुकूल रॉय की गेंदबाजी और बारिश की बड़ी भूमिका रही।
नई दिल्ली। बारिश की दखल ने झारखंड के लिए विजय हजारे ट्रॉफी में सोमवार को खेले गए मैच में अहम भूमिका निभाई और उसे सेमीफाइनल की राह दिखाई। एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेले गए क्वार्टर फाइनल मैच में बारिश के बाद लगी वीजेडी प्रणाली के माध्यम से झारखंड ने महाराष्ट्र को आठ विकेट से हरा दिया। टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी महाराष्ट्र ने 42.2 ओवरों में 181 रनों का स्कोर खड़ा किया। इस मैच में बारिश ने दो बार खलल डाली और ऐसे में झारखंड को पहले 47 ओवरों में 174 रनों का स्कोर हासिल करने का लक्ष्य मिला था। हालांकि, दूसरी बार बारिश ने दखल दी। इसके बाद झारखंड को 34 ओवरों में 127 रनों का लक्ष्य मिला, जिसे टीम ने 32.2 ओवरों में दो विकेट के नुकसान पर हासिल कर लिया।
अनुकूल ने फिर की घातक गेंदबाजी-
रोहित मोटवानी की 52 रनों की अर्धशतकीय पारी के दम पर महाराष्ट्र ने 181 रनों का स्कोर खड़ा किया। इसमें कप्तान राहुल त्रिपाठी की 47 रनों की पारी ने भी अहम भूमिका निभाई। झारखंड के लिए इस पारी में अनुकूल रॉय ने सबसे अधिक चार विकेट लिए, वहीं राहुल शुक्ला को तीन सफलताएं मिली। इसके अलावा, वरुण एरॉन ने दो और शाहबाज नदीम ने एक विकेट हासिल किया। बतादें कि अनुकूल इससे पहले भी कई बार अच्छी गेंदबाजी का प्रदर्शन कर चुके है। पिछले ही मैच में अनुकूल ने चार विकेट लेने के साथ-साथ शानदार अर्धशतकीय पारी भी खेली थी।
संजय राठौड का अर्धशतक-
इसके बाद, झारखंड ने शाहशीम संजय राठौड की नाबाद अर्धशतकीय पारी और कप्तान इशान किशन (28) तथा सौरभ तिवारी (नाबाद 29) की अच्छी बल्लेबाजी के दम पर वीजेडी प्रणाली से मिले 127 रनों के लक्ष्य को हासिल कर सेमीफाइनल में प्रवेश किया। इस पारी में महाराष्ट्र के लिए श्रीकांत मुंधे और समाद फलाह ने एक-एक विकेट लिए। संजय ने 81 गेंदों का सामना करते हुए 53 रन बनाए।