
नई दिल्ली। देश के महान समाजसेवी बाबा आम्टे ( Great philanthropist Baba Amte ) की पोत्री डॉ. शीतल आम्टे की आत्महत्या का मामला ( Suicide Case ) सामने आया है। शीतल की सुसाइड की खबर लगते ही परिवार में हड़कंप मच गया। हालांकि अभी तक उनकी आत्महत्या के कारणों की जानकारी नहीं लग पाई है। शीतल आनंदवन ( Anandvan ) के महारोगी सेवा समिति की सीईओ थीं। जानकारी के अनुसार शीतल ने सोमवार को जहरीले इंजेक्शन का इस्तेमाल कर खुद की जान ले ली। जानकारी लगने पर शीतल को वरोरा के उपजिला हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसको मृत घोषित कर दिया।
शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया
घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। वहीं, आत्महत्या को लेकर कुछ लोगों ने बताया कि शीतल के घर में पिछले कुछ दिनों पारिवारिक विवाद चल रहा था। पुलिस फिलहाल इस मामले की जांच कर रही है। आपको बता दें कि डॉ. शीतल आम्टे को जनवरी 2016 में विश्व आर्थिक मंच द्वारा 'यंग ग्लोबल लीडर 2016' के रूप में चुना गया था।
बाबा आम्टे राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के अनुयायी थे
शीतल विकास और भारती आम्टे की बेटी थी। उनके बाबा आम्टे राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के अनुयायी थे। बाबा आम्टे ने महाराष्ट्र के आनंदवन में कुष्ठरोगियों के लिए एक पुनवार्स घर की स्थापना की थी। इसके साथ ही महारोगी सेवा समिति की स्थापना की गई, जिसका लक्ष्य लोगों की स्वास्थ्य देखभाल, पुनर्वास और शिक्षा व और कृषि से लेकर आर्थिक सशक्तिकरण को लेकर अभियान चलाना है। शीतल आम्टे ने मेडिसिन की पढ़ाई थी। हालांकि शीतल पढ़ाई के बाद अपने दादा द्वारा स्थापित आनंदवन में कार्यरत अपनी फैमिली में शामिल हो गईं।